फसल खराबे का लंबे समय से अटका मुआवजा देने समेत अन्य मांगों को लेकर किसानों ने बुधवार को टोड़ारायसिंह SDM कार्यालय के बाहर नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। करीब 15 मिनट बाद किसानों ने किसान महापंचायत के प्रदेश मंत्री नेता रतन खोखर की अगुवाई विभिन्न मांगों को लेकर SDM को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन दिया। उसमें मुख्य रूप से मांग की गई कि किसानों की गत सालों से अतिवृष्टि और ओले गिरने से फ़सले 70 प्रतिशत तक खराब हुई थीं। उसका सरकार ने किसानों को दो साल का मुआवजा नहीं दिया है। इसके अलावा भी किसानों ने किसान हित की समस्याओं का समाधान करने की मांग की। किसानों को क्लेम भी नहीं मिल रहा किसान नेता रतन खोखर ने बताया कि मुआवजा ही नहीं, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना का क्लेम भी नहीं दिया जा रहा है। जिससे किसानों में आक्रोश है। किसानों को पहले ही उनकी उपज का भाव नहीं मिल रहा है, इससे किसान कर्जदार होता जा रहा है और कर्ज चुकाने की स्थिति में नहीं है जबकि किसानों से फसल बीमा के नाम पर बैंक खाते से सीधा प्रीमियम काट रहे हैं। किसानों से बीमा का प्रीमियम काटने के बाद भी बीमा क्लेम नहीं मिलनने से किसान दोहरी मार झेल रहे हैं। इससे नाराज किसानों ने आज दोपहर को टोड़ारायसिंह SDM कार्यालय पर प्रदर्शन कर उन्हें ज्ञापन दिया। किसानों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द से जल्द किसानों को फ़सल खराबे का मुआवजा व प्रधानमंत्री फसल बीमा का क्लेम नहीं दिया तो किसानों को फिर सड़कों पर उतरना पड़ेगा। प्रदर्शन के दौरान किसान नेता रतन खोखर प्रदेश मंत्री किसान महापंचायत, शंकर चोपड़ा, गोपाल बेरवा, प्रदीप तोगड़ा, कान्हा कुमार, प्रभु तोगडा, देवा खरेठा, गणेश चौधरी आदि कई किसान मौजूद थे।


