केंद्रीय नवकरणीय ऊर्जा मंत्री प्रह्लाद जोशी शनिवार को ओंकारेश्वर पहुंचे। उनका हेलिकॉप्टर कोठी स्थित हेली पेड पर उतरा। उन्होंने ओंकारेश्वर ज्योर्तिलिंग के दर्शन कर पूजा-पाठ की, इस दौरान उनकी पत्नी भी साथ रहीं। इसके बाद ग्राम ऐखंड स्थित सोलर फ्लोटिंग पावर प्लांट पर पहुंचे। प्रदेश के नवकरणीय ऊर्जा राकेश शुक्ला, सांसद ज्ञानेश्वर पाटिल के साथ प्लांट का निरीक्षण किया। केंद्रीय ऊर्जा मंत्री प्रह्लाद जोशी ने कहा, ओंकारेश्वर में स्थित फ्लोटिंग सोलर प्लांट से अभी 278 मेगावाट बिजली का उत्पादन हो रहा है। इस प्रोजेक्ट से दिल्ली मेट्रो को भी बिजली देने का कार्य किया जा रहा है। यह एक अनोखा प्रोजेक्ट है और देश में कई जगह यह किया जा सकता है। इस क्षेत्र में 90 गीगावॉट की संभावना है। ऊर्जा विशेषज्ञों को यहां आकर देखना चाहिए। जहां संभावना है, इस तरह के प्रोजेक्ट शुरू होने चाहिए। बताया कि भारत सरकार का लक्ष्य 2030 तक 500 गीगावॉट और 2047 तक 1800 गीगावॉट बिजली का उत्पादन करना है। अपतटीय पवन, ज्वारीय ऊर्जा, भू-तापीय ऊर्जा आदि के क्षेत्र में कार्य किया जा रहा है। प्रदेश के नवकरणीय ऊर्जा मंत्री राकेश शुक्ला ने कहा कि ओंकारेश्वर फ्लोटिंग सोलर परियोजना का निर्माण मध्यप्रदेश को विश्वपटल पर नवकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र में स्थापित करेगा। देखिए तस्वीरें…


