भास्कर न्यूज | दुर्गूकोंदल कोदापाखा धान खरीदी केंद्र में धान खरीदी की धीमी रफ्तार को लेकर किसानों ने नाराजगी है। किसानों ने तहसीलदार दुर्गूकोंदल को ज्ञापन सौंपकर प्रतिदिन जारी किए जाने वाले टोकन की सीमा बढ़ाने की मांग की। किसानों का कहना है कि क्षेत्र में धान की कटाई और मिंजाई शत-प्रतिशत पूर्ण हो चुकी है, लेकिन धान खरीदी की व्यवस्था किसानों की संख्या के अनुसार बिल्कुल अपर्याप्त है। वर्तमान में केवल 800 क्विंटल प्रतिदिन टोकन जारी किए जा रहे हैं, जबकि खरीदी केंद्र में 900 पंजीकृत किसान हैं। इनकी उत्पादन क्षमता भी काफी अधिक है। किसानों ने कहा इतनी कम मात्रा में खरीद होने के कारण रोज टोकन लेने के लिए भारी भीड़ जमा होती है, जिससे धक्का–मुक्की, विवाद और कर्मचारियों के साथ अनावश्यक तनाव की स्थिति निर्मित हो जाती है। कई किसान सुबह से देर शाम तक इंतजार करते रह जाते हैं, फिर भी उन्हें टोकन नहीं मिल पाता। उन्होंने कहा धान खेतों में कट चुका है और लगातार मौसम बदलने का खतरा भी बना हुआ है। ऐसे में खरीदी में देरी होने पर धान खराब होने और आर्थिक नुकसान की पूरी संभावना है। किसानों ने बताया कई बार यह समस्या अधिकारियों को बताई गई है, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकाला गया है। किसानों ने कहा यदि 3 दिनों के भीतर टोकन की सीमा बढ़ाकर 2 हजार क्विंटल प्रतिदिन नहीं की जाती, तो वे आंदोलन करने को बाध्य होंगे।


