कम उम्र में खेलों से जुड़े रहने के कारण मैं बिजनेस में थोड़ा देर से आया। 21-22 वर्ष की उम्र में पारिवारिक रियल एस्टेट व्यवसाय से जुड़ा और शुरुआत में बंगले व आवासीय निर्माण किए। जब लगा कि इस क्षेत्र को और गहराई से समझना जरूरी है, तब उद्यम संवाद में आने का निर्णय लिया। आईआईएम इंदौर को बाहर से देखने के बजाय अंदर जाकर सीखने का अनुभव बेहद खास रहा। IIM इंदौर डायरेक्टर हिमांशु राय की शिक्षण शैली ने सोचने का नजरिया बदल दिया। अब मेरा लक्ष्य है कि आने वाले समय में बेहतर डिजाइन और गुणवत्ता के साथ-साथ सेल पर अधिकतम फोकस करूं।


