तुस्मा| ग्रामीण अंचल में छेर-छेरा का पर्व उल्लास के साथ मनाया गया। यह पर्व छत्तीसगढ़ में पौष पूर्णिमा में मनाया जाता है। इस दिन बच्चे घर से टोली लेकर घर-घर गए और छेर छेरा कोठी के धान ल हेर हेरा की आवाज लगा कर धान या अन्य सामान मांगे। यह पर्व धान मिंजाई के पश्चात ही मनाया जाता है।


