राज्य सरकार की पंच गौरव योजना के तहत 10 दिसंबर को झालावाड़ के गागरोन दुर्ग परिसर में एक विशाल चित्रकला प्रतियोगिता आयोजित की जाएगी। इसमें जिले के राजकीय और निजी स्कूलों के पांच हजार विद्यार्थी गागरोन दुर्ग की परिकल्पना को कागज पर उतारेंगे। यह आयोजन जिले के पंच गौरव के प्रचार-प्रसार और पर्यटन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से किया जा रहा है। इस संबंध में सोमवार को जिला कलेक्टर अजय सिंह राठौड़ की अध्यक्षता में मिनी सचिवालय के सभागार में एक बैठक हुई। जिला कलेक्टर ने बताया कि जिला प्रशासन द्वारा यह चित्रकला प्रतियोगिता एक नवाचार के रूप में आयोजित की जा रही है। इसका मुख्य उद्देश्य आमजन और बच्चों के माध्यम से गागरोन दुर्ग की विशेषताओं और भव्यता को जन-जन तक पहुंचाना है। प्रतियोगिता के सफल आयोजन के लिए जिला कलेक्टर ने विभिन्न विभागों को आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने विद्यार्थियों की सुरक्षा, खान-पान और बैठने की सुगम व्यवस्था सुनिश्चित करने पर जोर दिया। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को आयोजन स्थल पर मेडिकल टीम और एम्बुलेंस की व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए। पुलिस, यातायात और परिवहन विभाग को पार्किंग और सुरक्षा व्यवस्था के लिए निर्देश दिए गए, जिसमें आयोजन स्थल पर नियंत्रण कक्ष स्थापित करना भी शामिल है। नगर परिषद को जन सुविधाओं और सफाई व्यवस्था, जबकि जिला रसद अधिकारी को अल्पाहार की व्यवस्था करने को कहा गया। टेंट, लाइट और पेयजल की व्यवस्था के लिए संबंधित अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी गई। उपखण्ड अधिकारी अभिषेक चारण ने बताया कि इस प्रतियोगिता में केवल विद्यार्थी ही नहीं, बल्कि जिला स्तरीय अधिकारीगण और आमजन भी अपनी चित्रकला का प्रदर्शन कर सकेंगे। उन्होंने यह भी बताया कि आयोजन में जिले की विभिन्न स्वयंसेवी संस्थाओं की भागीदारी भी सुनिश्चित की जाएगी। चित्रकला के लिए आवश्यक शीट जिला प्रशासन द्वारा संबंधित विद्यालयों को प्रदान की जाएंगी। साथ ही पेंसिल, रबर, वॉटर कलर, स्केच पैन आदि सामग्री बच्चों को स्वयं साथ लानी होगी। आयोजन स्थल पर पंच गौरव (गागरोन, संतरा, सागवान, कोटा स्टोन एवं बॉस्केटबॉल) से संबंधित स्टॉल लगाने के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया।


