गुना में अंबेडकर के सम्मान में कांग्रेस ने निकाला मार्च। अंबेडकर भवन में बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा पर माल्यार्पण के बाद मार्च शुरू हुआ। राघौगढ़ विधायक जयवर्धन सिंह के नेतृत्व में यह मार्च हनुमान चौराहा, नेहरू पार्क होते हुए पुरानी कलेक्ट्रेट स्थित एसडीएम कार्यालय पहुंचा। यहां राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन प्रशासन को सौंपा गया। कांग्रेस कार्यकर्ताओं मंगलवार दोपहर अंबेडकर चौराहे पर एकजुट हुए। यहां सबसे पहले डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया गया। यहां से रैली शुरू हुई। हनुमान चौराहे पर कार्यकर्ताओं ने काफी देर तक नारेबाजी की। पुरानी कलेक्ट्रेट स्थित SDM कार्यालय पर, राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन प्रशासन सौंपा गया। इसके जरिए गृहमंत्री के इस्तीफे की मांग की गई। प्रदर्शन में विधायक जयवर्धन सिंह, जिलाध्यक्ष मेहरबान सिंह धाकड़, संगठन मंत्री विश्वनाथ तिवारी, महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष सीमा यादव, NSUI, युवक कांग्रेस कार्यकर्ताओं सहित नेता और कार्यकर्ता उपस्थित रहे। विधायक बोले- गृहमंत्री को इस्तीफा देना चाहिए विधायक जयवर्धन सिंह ने कहा कि देश के गृहमंत्री ने बाबा साहब के बारे में इतना हल्का बयान दिया। जब कांग्रेसियों ने इस मुद्दे को उठाया तो भाजपा बौखला गई। देश के इतिहास में यह पहली बार हुआ जब सत्ता पक्ष के लोगों ने ही संसद में प्रदर्शन किया। राहुल गांधी को संसद में जाने से रोका गया। फिर भाजपा के दो सांसदों ने चोट लगने की नौटंकी की। कांग्रेस नेताओं पर फर्जी FIR कराई गई। देश कभी इन्हें माफ नहीं करेगा। ऐसे गृहमंत्री को इस्तीफा दे देना चाहिए। दूसरे वक्ताओं ने कहा कि 18वीं लोकसभा के शीतकालीन सत्र में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने संविधान निर्माता डॉ. भीमराव अंबेडकर का अपमान कर संघ और बीजेपी की मनुवादी मानसिकता उजागर कर दी है। अमित शाह ने कहा है कि अभी एक फैशन हो गया है- अंबेडकर, अंबेडकर, अंबेडकर, अंबेडकर, अंबेडकर। इतना नाम अगर भगवान का लेते तो सात जन्मों तक स्वर्ग मिल जाता। आगे उन्होंने कहा कि अमित शाह के इस बयान से उनकी दलितों और पिछड़ों के प्रति मानसिकता उजागर हो गई है। कांग्रेस बाबा साहब के अपमान को बर्दाश्त नहीं करेगी।


