गोड्डा सदर अस्पताल में एक हृदय रोगी की मौत के बाद परिवार वालों ने अस्पताल प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए जमकर हंगामा किया। कोरका निवासी गोरेलाल मंडल को हृदय रोग की शिकायत पर अस्पताल लाया गया था। परिजनों का आरोप है कि डॉक्टरों ने न तो समय पर इलाज किया और न ही ऑक्सीजन की सुविधा उपलब्ध कराई, जिससे मरीज की मौत हो गई। कई सरकारी संपत्तियों को नुकसान पहुंचाया घटना से आक्रोशित परिजनों ने अस्पताल में तोड़फोड़ की। कुर्सी, रजिस्टर, फ्रिज समेत कई सरकारी संपत्तियों को नुकसान पहुंचाया गया। घटना की सूचना मिलते ही हेडक्वार्टर डीएसपी जय प्रकाश नारायण चौधरी और नगर थाना प्रभारी दिनेश महली मौके पर पहुंचे। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रण में किया और मामले की जांच शुरू कर दी है। परिजनों का आरोप गलत: सिविल सर्जन पूर्व विधायक अमित मंडल ने अस्पताल की व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि झारखंड में डॉक्टरों की कमी के कारण मरीजों को समय पर इलाज नहीं मिल पाता है। इसके कारण मरीजों की मौत हो जाती है। हालांकि, सिविल सर्जन अनंत कुमार झा ने परिजनों के आरोपों को खारिज किया है। उनका कहना है कि अस्पताल में ऑक्सीजन और डॉक्टर मौजूद थे, परिजनों ने गलत आरोप लगाए हैं।


