ग्वालियर में पड़ रही कड़ाके की ठंड ने पूरे शहर को कंपकंपा दिया है। घने कोहरे की चादर ने शहर को अपनी गिरफ्त में ले लिया है। जनवरी में बीते 25 साल का रिकॉर्ड टूट गया, जब अधिकतम तापमान गिरकर 10.4 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया, जबकि न्यूनतम तापमान भी लुढ़ककर 5 डिग्री दर्ज किया गया। कोहरे की वजह से ट्रेन और हवाई यातायात भी प्रभावित हुआ है। मौसम विभाग के अनुसार बीते 100 साल में यह दूसरी बार है जब जनवरी में इतनी गंभीर स्थिति बनी है। शुक्रवार सुबह करीब 9 बजे तक ठंड और बर्फीली हवाओं ने लोगों के हाड़ कंपा दिए। सड़कों पर सन्नाटा पसरा रहा और लोग बेहद जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर निकले। ठंड के चलते दिन में भी रात जैसा एहसास हो रहा है। प्राइमरी-मिडिल स्कूल की छुट्टी 10 जनवरी तक बढ़ाई मौसम विभाग ने बताया कि शुक्रवार को न्यूनतम तापमान 5 डिग्री दर्ज किया गया, जबकि गुरुवार को अधिकतम तापमान 10.4 डिग्री रहा, जो सामान्य से 11.1 डिग्री कम है। इसी कारण गुरुवार को कोल्ड सीवियर डे घोषित किया गया। इससे पहले वर्ष 2019 में अधिकतम तापमान 8.3 डिग्री तक गिरा था। ठंड के बढ़ते प्रकोप को देखते हुए जिला प्रशासन ने प्राइमरी और मिडिल स्कूलों की छुट्टियां 10 जनवरी तक बढ़ा दी हैं। पिछले आठ दिनों से सुबह देर तक और शाम को जल्दी घना कोहरा देखने को मिल रहा है। शुक्रवार सुबह भी पूरा शहर कोहरे में डूबा रहा। दृश्यता 60 से 100 मीटर होने के कारण वाहन चालकों को दिन में भी लाइट जलाकर वाहन चलाने पड़े। चौराहों पर जलाए गए अलाव नगर निगम ने बढ़ती ठंड को देखते हुए शहर के कई प्रमुख चौराहों पर अलाव जलवाए हैं, ताकि राहगीरों और बेसहारा जानवरों को राहत मिल सके। ठंड के कारण सूरज के तेवर भी ढीले नजर आ रहे हैं और धूप न के बराबर दिखाई दे रही है। शीत लहर से कंपा शहर मौसम विभाग के अनुसार 12.6 किलोमीटर की ऊंचाई पर 260 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से जेट स्ट्रीम हवाएं चल रही हैं, जिससे घना कोहरा बना हुआ है। वहीं कश्मीर की ओर से करीब 10 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से आ रही बर्फीली हवाएं हिमालय की बर्फबारी का असर लेकर आ रही हैं। यही वजह है कि शहर में एक ओर घना कोहरा छाया है तो दूसरी ओर सर्द हवाओं ने ठंड का कहर बढ़ा दिया है। अभी और बढ़ेगी ठंड मौसम विभाग का कहना है कि फिलहाल ग्वालियर को ठंड से राहत मिलने की उम्मीद नहीं है। कश्मीर से आ रही ठंडी हवाएं न्यूनतम तापमान को और नीचे ले जा सकती हैं, जबकि घना कोहरा भी बना रहेगा। अगले 48 घंटों में सर्दी और अधिक रौद्र रूप ले सकती है। परिवहन पर असर, ट्रेनें घंटों लेट कड़ाके की ठंड और कोहरे का असर रेल यातायात पर भी साफ नजर आ रहा है। ग्वालियर आने वाली कई ट्रेनें 5 से 6 घंटे की देरी से पहुंच रही हैं। दिल्ली से आने वाली पंजाब मेल करीब 4 घंटे, शताब्दी एक्सप्रेस लगभग 2 घंटे और मंगला एक्सप्रेस करीब 5 घंटे लेट चल रही है। भोपाल से आने वाली मंगला एक्सप्रेस भी करीब साढ़े तीन घंटे देरी से चल रही है, जबकि केरला और समता एक्सप्रेस भी निर्धारित समय से कई घंटे लेट हैं। फ्लाइट्स भी देरी से संचालित घने कोहरे का असर हवाई यातायात पर भी पड़ा है। ग्वालियर एयरपोर्ट पर फ्लाइट्स 2 से 3 घंटे तक लेट हो रही हैं। गुरुवार को इंडिगो की मुंबई और दिल्ली फ्लाइट, साथ ही एयर इंडिया की बेंगलुरु फ्लाइट कोहरे के कारण आने-जाने में देरी से संचालित हुईं, जिससे यात्रियों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा।


