चूना भट्टी थाना क्षेत्र में बीते बुधवार को दिनदहाड़े फिल्मी स्टाइल में हुई 15 लाख रुपए की लूट का खुलासा हो गया है। पुलिस ने इस मामले में 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें दो आपस में रिश्तेदार भी हैं। इस गिरोह के सरगना ने पुराने लुटेरों से मिली सूचना के बाद साहिल सिंह से लूट की प्लानिंग की थी। साहिल किस रास्ते से आता-जाता है और कहां भीड़ व कैमरे नहीं मिलेंगे, इसके लिए उसने तीन दिन रेकी की। साहिल की स्कूटर को टक्कर मारकर गिराना भी इस प्लानिंग का हिस्सा था। क्योंकि सरगना के पुराने दोस्तों ने भी कुछ महीनों पहले इसी अंदाज में श्यामला हिल्स और छोला मंदिर थाना क्षेत्रों में लूट की थीं। डीसीपी जोन-4 जितेंद्र पवार ने बताया कि लूट की इस सनसनीखेज वारदात को बीती 8 जनवरी को अंजाम दिया गया था। उस वक्त जानकी नगर निवासी साहिल सिंह अपने दोस्त रोहित के साथ 15 लाख रुपए लेकर जुमेराती से अपने घर लौट रहा था। कोलार गेस्ट हाउस के पास पीछे से आए बाइक सवार दो बदमाशों ने टक्कर मारकर उनकी स्कूटर गिरा दी। इसके बाद नोटों से भरा बैग लेकर फरार हो गए। बदमाशों के साथ दूसरी बाइक पर उनके दो साथी और थे। लुटेरों की तलाश में पांच टीमें लगाई गईं। तकनीकी पड़ताल के बाद पुलिस ने कुछ संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की। इसके बाद एक-एक कर 6 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए आरोपियों में दीपक पटेल, संतोष उर्फ लल्लन विश्वकर्मा, ऋषभ ठाकुर, विपिन चौहान, भूपेंद्र ठाकुर और अभिषेक चौहान शामिल हैं। दीपक और लल्लन छोला मंदिर क्षेत्र के रहने वाले हैं, जबकि अन्य चारों सीहोर में निवास करते हैं। दीपक है इस गैंग का सरगना, गाड़ी के नंबर से की रेकी एडिशनल डीसीपी मलकीत सिंह ने बताया कि हाल ही में बने इस नए गिरोह को दीपक ही ऑपरेट कर रहा था। उसके संपर्क में कुछ पुराने लुटेरे भी हैं, जिनसे ये पता चला कि साहिल रोजाना बड़ी रकम लेकर आता-जाता है। बीती 27 दिसंबर को उसके साथियों ने दीपक को केवल साहिल की स्कूटर का नंबर दिया था। इसके बाद दीपक ने 1,3 और 4 जनवरी को साहिल की रैकी की। साहिल के रोजाना आने-जाने वाले रूट को ठीक से समझा और ये भी देखा कि वारदात को अंजाम कहां देना है। कोलार तिराहे के पास चल रहे निर्माण कार्य के कारण फिलहाल कैमरे नहीं हैं। इसलिए उसने लूट के लिए इसी लोकेशन को चिह्नित किया था। रिश्तेदार हैं आरोपी मामा ससुर से कहा- लूट के लिए लड़के जुटाओ
सीहोर निवासी भूपेंद्र ठाकुर, दीपक का मामा ससुर है। लूट की पूरी प्लानिंग करने के बाद उसने भूपेंद्र को पूरा प्लान समझाया और लड़के इकट्ठे करने के लिए कहा। इसके बाद अपने तीन साथियों के साथ भूपेंद्र भोपाल पहुंचा। यहां दीपक ने उनसे अपने दोस्त को लल्लन को मिलवाया और पूरी प्लानिंग बताई। वारदात के बाद ही बदमाशों ने पूरी रकम आपस में बांट ली थी। आरोपियों के कब्जे से पुलिस केवल 10 लाख रुपए ही जब्त कर पाई है। हालांकि बाकी पांच लाख रुपए बरामद करने की कवायद पुलिस कर रही है।


