वर्ल्ड नंबर-2 शतरंज खिलाड़ी अमेरिका के हिकारु नाकामुरा ने मौजूदा वर्ल्ड चैंपियन भारत के डी गुकेश को हराने के बाद उनका किंग दर्शकों के बीच फेंक दिया। अमेरिका के टेक्सास शहर में भारत और अमेरिका के बीच फ्रेंडली मुकाबला खेला गया। इस मुकाबले को चेकमेट नाम दिया गया है। इसमें भारत और अमेरिका के खिलाड़ियों के बीच पांच मैच हुए। गुकेश के खिलाफ हिकारू की जीत के साथ अमेरिका ने 5-0 से जीत हासिल की। भारत के 5 प्लेयर्स को हार मिली
चेकमेट इवेंट में अमेरिका की टीम ने क्लीन स्वीप किया। गुकेश-नाकामुरा मैच से पहले भारत से ग्रैंडमास्टर अर्जुन इरिगैसी को फाबियानो कारुआना, दिव्या देशमुख को कारिसा यिप, सागर शाह को लेवी रोजमैन और ईथन वाज को तानी आदेवुमी के हाथों हार मिली। सागर और गुकेश को छोड़कर तीनों भारतीयों को पहले मुकाबले में ही हार का सामना करना पड़ गया। सागर ने रोजमैन के खिलाफ 2 गेम खेले, लेकिन उन्हें भी हार मिली। वहीं गुकेश को शुरुआती 2 गेम ड्रॉ खेलने के बाद तीसरे गेम के बुलेट राउंड में हार का सामना करना पड़ गया। बुलेट चेस में गुकेश ज्यादा स्ट्रॉन्ग नहीं हैं। वे क्लासिकल के टॉप प्लेयर्स में शामिल हैं। दूसरी ओर, नाकामुरा बुलेट चेस के टॉप प्लेयर हैं। इसलिए नाकामुरा को गुकेश को हराने में ज्यादा परेशानी नहीं हुई। नाकामुरा का रिएक्शन सोशल मीडिया पर ट्रोल हुआ
सोशल मीडिया पर अमेरिका के खिलाफ भारत की हार से ज्यादा चर्चे नाकामुरा के रिएक्शन के रहे। उन्होंने 19 साल के गुकेश को हराते ही उनका किंग बोर्ड से उठाया और दर्शकों की ओर फेंककर जीत सेलिब्रेट करना शुरू कर दिया। जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। नाकामुरा के रिएक्शन को कई भारतीय फैंस ने सोशल मीडिया पर ट्रोल करना शुरू कर दिया। कुछ फैंस ने कहा कि हार-जीत खेल का हिस्सा है, लेकिन नाकामुरा को खेल भावना दिखाते हुए विपक्षी प्लेयर का सम्मान करना चाहिए। उन्हें गुकेश के किंग को नहीं फेंकना चाहिए था। चेसबेस इंडिया को पोस्ट मैच इंटरव्यू में हिकारू ने कहा, ‘मैंने पहले ही सोच लिया था कि जीतने पर गुकेश का किंग फेंक दूंगा।’ मैच के बाद हिकारू ने कुछ ऐसा ही किया और दर्शकों से तालियां बजाने का इशारा किया। गुकेश से हार के बाद कार्लसन ने टेबल पर हाथ मारा था
इसी साल नॉर्वे चेस टूर्नामेंट में गुकेश ने नॉर्वे के पूर्व वर्ल्ड चैंपियन मैग्नस कार्लसन को मुकाबला हरा दिया था। हार से झल्लाकर कार्लसन ने टेबल पर ही अपना हाथ जोर से पटक दिया था। हालांकि, उन्होंने गुकेश से हाथ मिलाया और फिर अपनी मोहरों को बोर्ड पर जमाकर वहां से चले गए। इंटरनेशनल चेस फेडरेशन (FIDE) के CEO एमिल सुतोव्स्की ने हिकारू के रिएक्शन पर कहा, ‘मैग्नस का रिएक्शन बहुत नेचुरल था, हार के बाद खिलाड़ी इमोशंस में ऐसा कर जाते हैं। वो सही था या गलत, यह अलग बात है। हिकारू की बात करें तो उन्होंने अपनी जीत जिस अंदाज में सेलिब्रेट की, वह खराब था। मैं समझ रहा हूं कि मुकाबला सीरियस नहीं था, लेकिन कुछ चीजें बस सही नहीं होतीं।’ चेकमेट इवेंट का दूसरा राउंड भारत में
चेकमेट इवेंट का दूसरा राउंड भारत में खेला जाएगा। जहां गुकेश और टीम इंडिया के बाकी खिलाड़ी अमेरिका से हिसाब बराबर करने के लिए बेकरार होंगे। नाकामुरा के रिएक्शन के बाद भारतीय दर्शक भी अमेरिकन प्लेयर्स पर प्रेशर बनाने की पूरी तैयारी करने के बारे में सोचेंगे। क्या होता है बुलेट चेस?
स्पीड चेस इवेंट में ‘बुलेट चेस’ सबसे तेज फॉर्मेट है। यहां दोनों प्लेयर्स को मुकाबला खेलने के लिए 3 मिनट से भी कम का समय मिलता। हर चाल के साथ थोड़ा-थोड़ा समय बढ़ता भी है, ताकि कोई खिलाड़ी टाइम खत्म होने के कारण न हार जाए। इसमें नियम चेस के सामान्य खेल की तरह ही होते हैं, लेकिन टाइम कम होने से इसमें प्रेशर बढ़ जाता है। 4 तरह के चेस गेम होते हैं ———————– गुकेश की यह खबर भी पढ़ें… गुकेश सबसे कम उम्र के वर्ल्ड चैंपियन
भारतीय ग्रैंडमास्टर डी गुकेश ने सिंगापुर में गुरुवार को वर्ल्ड चेस चैंपियनशिप का खिताब जीत लिया। उन्होंने चीन के डिफेंडिंग चैंपियन डिंग लिरेन को 7.5-6.5 से फाइनल में हराया। पढे पूरी खबर…


