चौथ का बरवाड़ा तहसील क्षेत्र के बलरिया गांव में युवक लोकेश गुर्जर बुधवार को संदिग्ध अवस्था में मृत्यु हो गई। इसके बाद नाराज लोगों ने बुधवार देर शाम को चौथ का बरवाड़ा पुलिस थाना में शव लाकर प्रदर्शन शुरू कर दिया है। लोकेश गुर्जर द्वारा सुबह ही चौथ का बरवाड़ा पुलिस थाने में उसकी बहन को आरोपी बहादुर मीणा के भगा ले जाने की रिपोर्ट दी थी। बाद में लोकेश सुबह करीब 11:00 बजे अचेत अवस्था में गांव की डूंगरी के पास मिला। जिसे सामुदायिक चौथ का बरवाड़ा CHC लाया गया। जहां से जयपुर रैफर करने के दौरान रास्ते में उसकी मृत्यु हो गई। परिजनों ने लगाया हत्या का आरोप ग्रामीणों का आरोप है कि आरोपी बहादुर मीणा एवं उसके परिवारजनों ने लोकेश की मृत्यु की है। शाम को जैसे ही लोकेश गुर्जर की मृत्यु की सूचना क्षेत्र में फैली तो लोगों का इकट्ठा होना शुरू हो गया। शाम करीब 6:00 बजे बड़ी संख्या में लोग लोकेश के शव को लेकर चौथ काबरवाड़ा पुलिस थाने में पहुंचे। परिवार ने बताया कि लोकेश की ओर से उसकी बहन को भगा ले जाने वाले की बरवाड़ा थाने में रिपोर्ट दी थी, लेकिन आरोपियों को समय रहते गिरफ्तार नहीं किया गया। ग्रामीणों का आरोप है कि आरोपी के परिवार जनों ने लोकेश को जहर देकर मार डाला। जिसे लेकर ग्रामीणों ने शाम को शव को पुलिस थाना चौथ का बरवाड़ा में रखकर आंदोलन शुरू कर दिया है। ग्रामीणों का कहना है कि जब तक आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया जाता। तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। फिलहाल चौथ का बरवाड़ा थाना प्रभारी महेंद्र शर्मा ने ग्रामीणों को समझाते हुए जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार किए जाने का आश्वासन दिया है, लेकिन ग्रामीण गिरफ्तारी नहीं होने तक शव उत्सव को उठाने को तैयार नहीं है।


