छत्तीसगढ़ में मौसम का मिजाज तेजी से बदलने वाला है। अगले 4 दिनों तक तेज बारिश, तूफान और बिजली गिरने की आशंका है। मौसम विभाग ने प्रदेश के 10 जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इस बदलते मौसम के कारण प्रदेश के औसत तापमान में 3 से 4 डिग्री तक की गिरावट संभव है। राज्यभर में मौसम अस्थिर बना रहेगा, लेकिन इसका असर विशेष रूप से प्रदेश के उत्तर और दक्षिणी हिस्सों में अधिक देखने को मिल सकता है। आसमान में बादल छाने, तेज हवाओं के साथ बारिश और गरज-चमक की स्थिति लगातार बनी रहेगी, जिससे जनजीवन प्रभावित हो सकता है। वहीं बुधवार को दुर्ग का पारा 41.6 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचा, जबकि अंबिकापुर सबसे ठंडा रहा, जहां न्यूनतम तापमान 23.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। रायपुर, बिलासपुर और दुर्ग संभाग के कुछ इलाकों में हल्की बारिश और गरच-चमक हुई, लेकिन तापमान में कोई खास गिरावट नहीं आई। छत्तीसगढ़ में दो सिनौप्टिक सिस्टम के कारण बदल रहा मौसम मौसम वैज्ञानिक ने बताया कि एक द्रोणिका मध्यप्रदेश और झारखंड से होते हुए जा रही है। जिसका प्रभाव छत्तीसगढ़ के उत्तर के हिस्सों में दिखेगा। वहीं बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी के कारण दक्षिण के हिस्सों में तेज बारिश की संभावना बन रही है। मध्य छत्तीसगढ़ में एक–दो स्थानों हल्की मेघ गर्जना हो सकती है। द्रोणिका, क्या है समझिए द्रोणिका एक लंबी, घुमावदार रेखा है, जो एयर फ्लो के पैटर्न को इम्पैक्ट करती है। ये रेखा एयर के फ्लो को एक खास दिशा में मोड़ देती है। ये रेखा कम दबाव वाले क्षेत्र यानी जहां हवा ऊपर की ओर उठती है, उन क्षेत्रों से जुड़ी होती है। द्रोणिका के चलते हवा में नमी स्टोर हो जाती, जो बारिश के लिए फेवरेबल कंडीशन बनाती है। अब जानिए किस जिले में कितनी बारिश होगी मौसम विभाग के मुताबिक आज 10 जिलों के बहुत सी जगहों पर बारिश हो सकती है। वहीं इतने ही जिलों के कुछ जगहों पर बारिश हो सकती है। बाकी बचे जिलों के एक से जगहों पर बारिश होने के चांस हैं। गरज-चमक, बिजली और ओला गिरने के दौरान इन बातों का रखें ध्यान


