छत्तीसगढ़ में बाघ-बायसन-तेंदुए का शिकार:करंट से 4 वन्यजीवों की मौत, शिकारी के घर मिला भुना मांस, सुअर के दांत, मोर के पैर; हाईकोर्ट सख्त

छत्तीसगढ़ में वन्यजीवों के शिकार का मामला सामने आया है। सूरजपुर जिले में बाघ के शिकार के 2 दिन बाद कवर्धा जिले में 2 बायसन (गौर) और 1 तेंदुए का भी शिकार हुआ है। ग्राम जामपानी के जंगल में आरोपियों ने छोटे जानवरों के शिकार के लिए करंट का तार बिछाया था। जिसकी चपेट में बायसन आ गए। वहीं, मोतीनपुर और बोटेसूर गांव के बीच एक तेंदुए करंट तार की चपेट में आया, 1 हफ्ते बाद उसका शव मिला है। वहीं, कवर्धा पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार किया। जहां उनके घर से भुना हुआ मांस, सुअर के दांत, मोर के पैर सहित कई आपत्तिजनक सामान मिले। इस मामले में हाईकोर्ट ने स्वत: संज्ञान लेकर सख्ती दिखाई है। सूरजपुर में बाघ का शिकार, दांत-नाखून उखाड़े सूरजपुर के गुरु घासीदास-तैमोर-पिंगला टाइगर रिजर्व के घुई वन परिक्षेत्र में सोमवार (15 दिसंबर) को एक बाघ मृत हालत में मिला था। मंगलवार को वन विभाग की निगरानी में बाघ के शव का पोस्टमॉर्टम कराया गया। जिसके बाद उसका अंतिम संस्कार किया गया। बाघ की मौत करंट लगने से होने की बात सामने आई है। जांच के दौरान यह भी पता चला कि बाघ के नाखून और दांत गायब मिले। बाघ के जबड़े और पीठ में जलने के निशान मिले थे। कवर्धा में 2 बायसन का शिकार कवर्धा वन परिक्षेत्र के बंजारी वृत्त स्थित धवईपानी परिसर के कक्ष क्रमांक आर.एफ.-47, ग्राम जामपानी में 16 दिसंबर को 2 बायसन (गौर) मृत अवस्था में मिले। जिसके बाद वन विभाग ने मौके पर पहुंचकर कार्रवाई की और 2 आरोपियों को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया। जांच के लिए डॉग स्क्वाड और फॉरेंसिक टीम की सहारा लिया गया। जहां डॉग स्क्वाड आरोपी कुंवर सिंह बैगा और दशरू बैगा के घर पहुंचा। जहां आरोपियों के घर से जी.आई. तार, भुना हुआ मांस, सुअर का दांत, मोर का पैर सहित अन्य आपत्तिजनक सामान मिला। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने पुलिस को बताया कि उनके द्वारा छोटे वन्यप्राणियों के शिकार के लिए तार बिछाकर बिजली प्रवाहित की गई थी, जिसकी चपेट में दुर्भाग्यवश बायसन आ गया। बायसन के शिकार की उनकी कोई मंशा नहीं थी। पुलिस ने कार्रवाई के बाद नियमानुसार शवों का दहन कराया। तेंदुए का 1 हफ्ते पुराना शव मिला कवर्धा वनमंडल के सहसपुर लोहारा वन परिक्षेत्र के वृत्त सोनझरी परिसर के कक्ष क्रमांक पी.एफ. 292 में एक तेंदुआ मृत अवस्था मिला। जो एक हफ्ते पुराना था। बताया जा रहा है तेंदुए की मौत करंट की चपेट में आने से हुई है। जहां शव मिला वहां आसपास 21 किलोग्राम जी.आई. तार बरामद किया गया है। शव का सिर का पूरी तरह से सड़ गया था। रीढ़ की हड्डी, पैर और पूंछ जप्त कर जांच के लिए भेजा गया है। वन विभाग इस मामले में ग्रामीणों से पूछताछ कर रहा है। इस मामले में मुख्य वन संरक्षक अमित कुमार ध्रुवने कार्रवाई करते हुए परिसर रक्षक मोतिमपुर शिव साहू को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है। DFO बोले- ऐसी घटनाओं को रोकने कार्रवाई जारी रहेगी आरोपियों के खिलाफ वन्यजीव (संरक्षण) अधिनियम के तहत नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की गई। कबीरधाम डीएफओ निखिल अग्रवाल ने कहा कि वन विभाग वन्यजीव संरक्षण और जैव विविधता की सुरक्षा के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध है। भविष्य में भी ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए प्रभावी और सतत कार्रवाई जारी रहेगी। हाईकोर्ट ने लिया स्वत: संज्ञान छत्तीसगढ़ में वन्यजीवों के शिकार की लगातार हो रही घटनाओं पर हाईकोर्ट ने स्वत: संज्ञान लिया है। हाईकोर्ट ने PCCF से व्यक्तिगत​​​​​​ शपथ पत्र के साथ जवाब मांगा है। चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा और जस्टिस बीडी गुरु की डिवीजन बेंच ने ने पूछा है कि वन्यजीवों की सुरक्षा के लिए वन विभाग के पास क्या इंतजाम है। ………………………. इससे जुड़ी खबर भी पढ़ें… सूरजपुर में करंट लगाकर बाघ का शिकार, हाईकोर्ट सख्त: मारने के बाद नाखून-दांत उखाड़कर ले गए शिकारी; PCCF को व्यक्तिगत-शपथपत्र के साथ देना होगा जवाब छत्तीसगढ़ में वन्यजीवों के शिकार की लगातार हो रही घटनाओं पर हाईकोर्ट ने स्वत: संज्ञान लिया है। सूरजपुर के घुई वन परिक्षेत्र में करंट लगाकर बाघ का शिकार करने के मामले में हाईकोर्ट ने PCCF से व्यक्तिगत​​​​​​ शपथ पत्र के साथ जवाब मांगा है। पढ़ें पूरी खबर…

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