जशपुर पुलिस ने वर्ष 2025 के अपने वार्षिक प्रदर्शन का लेखा-जोखा जारी किया है। पुलिस के अनुसार, बीते वर्ष अपराध नियंत्रण, तस्करी की रोकथाम, फरार आरोपियों की गिरफ्तारी और न्यायालयीन सजा दिलाने में उल्लेखनीय सफलता हासिल हुई है। जिले में दर्ज कुल मामलों में से 92.08 प्रतिशत प्रकरणों का निराकरण किया गया है। वर्ष 2025 में जिले में कुल 2097 प्रथम सूचना रिपोर्ट (FIR) दर्ज की गई, जिनमें से 1931 मामलों का निराकरण किया गया। इसके अतिरिक्त, वर्ष 2024 और उससे पहले के 289 लंबित प्रकरणों में से 231 का निपटारा किया गया। कुल मिलाकर, 2386 प्रकरणों में से 2162 का निराकरण कर जशपुर पुलिस ने उच्च सफलता दर दर्ज की है। हत्या के मामलों की बात करें तो, वर्ष 2025 में कुल 58 प्रकरण दर्ज हुए। इनमें से 53 मामलों में कार्रवाई करते हुए 66 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने हत्या के 90 प्रतिशत से अधिक मामलों का निराकरण कर गंभीर अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण दिखाया है। इन मामलों में से 32 पारिवारिक विवाद से संबंधित थे। 2025 में हत्या के प्रयास के 24 मामले दर्ज हत्या के प्रयास के कुल 24 प्रकरण वर्ष 2025 में दर्ज किए गए। इनमें से 22 मामलों में 48 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। पिछले वर्षों से तुलना करें तो, वर्ष 2024 में 13 और वर्ष 2023 में 15 ऐसे प्रकरण दर्ज हुए थे। यह दर्शाता है कि पुलिस ने समय रहते कार्रवाई कर गंभीर घटनाओं को रोकने में सफलता पाई। चोरी के मामलों में वर्ष 2025 में कुल 128 प्रकरण दर्ज हुए। इनमें से 38 मामलों में कार्रवाई करते हुए 99 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। वर्ष 2024 में चोरी के 142 और वर्ष 2023 में 168 प्रकरण दर्ज हुए थे, जिससे चोरी की घटनाओं में कमी दर्ज की गई है। लूट के 17 प्रकरण वर्ष 2025 में सामने आए। इनमें से 14 मामलों में 23 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। यह संख्या वर्ष 2024 और 2023 में दर्ज 8-8 मामलों की तुलना में अधिक थी, लेकिन पुलिस की त्वरित कार्रवाई से अधिकतर मामलों का खुलासा किया गया। 2025 में दुष्कर्म के 154 मामले दर्ज, 157 आरोपियों की गिरफ्तारी दुष्कर्म के मामलों में वर्ष 2025 में कुल 154 प्रकरण दर्ज किए गए, जिनमें 142 मामलों में 157 आरोपियों की गिरफ्तारी की गई। वर्ष 2024 में 143 और वर्ष 2023 में 118 प्रकरण दर्ज हुए थे, जिनमें पुलिस ने जांच और गिरफ्तारी को प्राथमिकता दी। मानव तस्करी के वर्ष 2025 में एक प्रकरण दर्ज किया गया, जिसमें एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया। तुलना करें तो वर्ष 2024 और 2023 में इस अपराध के 4-4 प्रकरण दर्ज हुए थे, जिससे इस वर्ष इस अपराध में कमी दर्ज की गई। ऑपरेशन आघात के तहत जशपुर पुलिस ने अवैध शराब तस्करी पर बड़ी कार्रवाई की। कुल 266 प्रकरणों में लगभग 25,638 लीटर शराब जब्त की गई, जिसकी कीमत करीब 4 करोड़ रुपये आंकी गई। तस्करी में प्रयुक्त 11 वाहन, कीमत 88 लाख रुपये, जब्त किए गए, जिनमें पंजाब से बिहार ले जाई जा रही 3.51 करोड़ रुपये मूल्य की अंग्रेजी शराब भी शामिल है। एनडीपीएस एक्ट के तहत 27 प्रकरणों में 45 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया, जिनसे 2.21 करोड़ रुपये मूल्य का गांजा, ब्राउन शुगर, डोडा चूरा और कफ सिरप जब्त किया गया। यह कार्रवाई जिले में नशे के कारोबार पर बड़ा प्रहार मानी जा रही है। जशपुर में पहली बार हुई सफेमा एक्ट के तहत कार्रवाई जशपुर जिले में पहली बार सफेमा (SAFEMA) अधिनियम के तहत कार्रवाई करते हुए गांजा तस्करों की 1.88 करोड़ रुपये से अधिक की चल-अचल संपत्ति जब्त और फ्रीज की गई, जिससे मादक पदार्थ तस्करों की आर्थिक रीढ़ पर सीधा प्रहार हुआ। ऑपरेशन शंखनाद के अंतर्गत गौ-तस्करी के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की गई। कुल 144 मामलों में 239 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया और 1493 गौवंश के साथ 70 वाहन जब्त किए गए, जिनकी कुल कीमत लगभग 3 करोड़ रुपये आंकी गई है। ऑपरेशन अंकुश के तहत वर्ष 2025 में 68 लंबे समय से फरार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया, जिनमें 22 वर्ष, 14 वर्ष और 6 वर्ष से फरार गंभीर अपराधी शामिल हैं। इन गिरफ्तारियों से जिले में कानून-व्यवस्था को मजबूती मिली है। सड़क सुरक्षा के मोर्चे पर वर्ष 2025 में कुल 458 सड़क दुर्घटनाएं दर्ज की गईं, जिनमें 310 लोगों की मौत और 206 घायल हुए। वर्ष 2024 में 461 दुर्घटनाओं में 341 मौतें दर्ज हुई थीं। वहीं मोटर व्हीकल एक्ट के तहत 20,150 प्रकरणों में चालानी कार्रवाई की गई। 62 गंभीर मामलों में दोषियों को मिली सजा
न्यायालयीन स्तर पर भी जशपुर पुलिस को बड़ी सफलता मिली। हत्या, बलात्कार, अपहरण और पोक्सो एक्ट सहित 62 गंभीर मामलों में सजा दिलाई गई, जिनमें 35 मामलों में आजीवन कारावास और 24 मामलों में सात वर्ष से अधिक की सजा सुनाई गई। ऑपरेशन मुस्कान के तहत वर्ष 2025 में 154 गुम बच्चों में से 146 बच्चों को सुरक्षित दस्तयाब कर उनके परिजनों को सौंपा गया, जो पुलिस की संवेदनशील कार्यप्रणाली को दर्शाता है। जशपुर पुलिस ने वर्ष 2026 के लिए आगामी कार्ययोजना भी घोषित की है, जिसमें सड़क दुर्घटनाओं में मृत्यु दर कम करना, महिला-बाल सुरक्षा को सुदृढ़ करना, साइबर अपराधों पर नियंत्रण, फरार आरोपियों की गिरफ्तारी और जनसहयोग से सुरक्षित समाज का निर्माण प्रमुख लक्ष्य शामिल हैं।


