पंजाब के जालंधर में एक व्यापारी ने पुलिस पर थर्ड डिग्री टार्चर के आरोप लगाए हैं। व्यापारी ने कहा कि पार्किंग विवाद को लेकर पुलिस ने उसकी जमकर पिटाई की। इसमें उसका पैर फट गया, पंजे का मास निकल गया। अधिक पिटाई होने पर पैर की हड्डी भी टूट गई। व्यापारी ने दावा किया कि पुलिस ने गन पॉइंट पर लेकर केस वापसी का भी दबाव बनाया। मारपीट कर अस्पताल में भर्ती कराया, वहां पैर में हथकड़ी बांधकर रखा गया। व्यापारी ने आरोप लगाया कि पुलिस करीब एक माह बाद भी आरोपी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई नहीं कर रही है, जबकि ह्यूमन राइट कमीशन ने भी पुलिसवालों पर कार्रवाई के आदेश दिए हैं। शुक्रवार को व्यापारी इस मामले में जालंधर के CP ऑफिस पहुंचे। उन्होंने आरोपी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की मांग की। सिलसिलेवार पढ़िए क्या है पूरा मामला… ह्यूमन राइट कमीशन ने किए पर्चा दर्ज करने के आदेश
अंकुश गुप्ता ने बताया कि पुलिस की तरफ से कोई कार्रवाई नहीं हुई तो वे ह्यूमन राइट कमीशन में चले गए। अब ह्यूमन राइट कमीशन ने फैसला दिया है कि आरोपी पुलिस कर्मचारियों पर पर्चा दर्ज किया जाए।
ह्यूमन राइट कमीशन ने इसकी कॉपी CP धन प्रीत कौर को भी भेजी है। आज यानि शुक्रवार को वह CP जालंधर से मिलने आए थे, लेकिन वो मिली नहीं। ह्यूमन राइट कमीशन ने SHO गगनदीप शेखों और 5 अन्य के खिलाफ कार्रवाई करने का आदेश दिया है। ऑर्डर के 40 दिन बाद भी किसी पर कोई कार्रवाई नहीं हुई
ह्यूमन राइट कमीशन के ऑर्डर दिखाते हुए अंकुश गुप्ता ने कहा कि इस आदेश को आए 40 दिन बीत चुके हैं। लेकिन पुलिस कोई कार्रवाई नहीं कर रही है। हर बार उनको बुलाया जाता है और हमारे सामने इन्क्वायरी अफसर को डांट लगाकर मामले को आगे टाल दिया जाता है।


