जालोर शहर के नोबेल वेलफेयर स्कूल प्रांगण में शनिवार देर शाम को शांतिनाथ गुरुकुल घुमन्तू छात्रावास का वार्षिकोत्सव मनाया गया। इस अवसर पर छात्रावास के बच्चों ने शारीरिक प्रदर्शन, नाटक, लोकगीत और लोक नृत्य प्रस्तुत किए। अंतरराष्ट्रीय जादूगर घुमंतू समाज के ओम भट्ट ने भी अपनी कला का प्रदर्शन किया। आयोजन समिति के अश्विन राजपुरोहित ने बताया कि कार्यक्रम जलंधरनाथ अखाड़ा के गादीपति गंगानाथ महाराज के शिष्य ईश्वरनाथ महाराज के नेतृत्व में आयोजित हुआ। घुमंतू कार्य संयोजक कैलाश पटेल कार्यक्रम के मुख्य वक्ता रहे। समाजसेवी श्रवणसिंह राव मुख्य मेहमान थे। विशिष्ट अतिथि के रूप में उपभोक्ता आयोग के अध्यक्ष घनश्याम यादव, समाजसेवी प्रकाश चौधरी, अंतर्राष्ट्रीय जादूगर ओम भट्ट और घुमंतू छात्रावास जोधपुर प्रांत के प्रमुख विक्रम सिंह मौजूद रहे। घुमंतू जातियों पर फैली भ्रांतियां, दूर करना जरूरी मुख्य वक्ता कैलाश पटेल ने कहा कि घुमंतू जातियों को लेकर जो भ्रांतियां फैलाई गई हैं, उन्हें दूर करने की आवश्यकता है। इन समुदायों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ने के प्रयास करने होंगे। उन्होंने बताया कि “समत भारत उपन्यास” के तहत प्रदेशभर में छात्रावास संचालित किए जा रहे हैं, जो इस दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं। उन्होंने समाज के प्रबुद्ध वर्ग से अपील की कि वे अपने-अपने क्षेत्र में घुमंतू जातियों के उत्थान के लिए कार्य करें। साथ ही उनकी भाषा, बोली, संस्कृति, गायन और वादन कला के संरक्षण पर भी जोर दिया। जैविक खेती पर जोर मुख्य मेहमान श्रवणसिंह राव ने अपने संबोधन में जैविक खेती के महत्व को बताया । उन्होंने घुमंतू जातियों के इतिहास पर प्रकाश डालते हुए उनके योगदान को भी याद किया। समिति पदाधिकारियों का योगदान समिति के प्रबंध अध्यक्ष नंदकिशोर रांदड़ ने सभी मेहमानों और भामाशाहों का आभार व्यक्त किया। सचिव कानाराम परमार ने प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। मंच संचालन पुखराज भाटी और अश्विन राजपुरोहित ने किया। इस अवसर पर विभाग प्रचारक संजीव कुमार, विभाग कार्यवाह जगदीश सोनी, जिला कार्यवाह शेखर भारद्वाज, जिला प्रचारक आईदान, अजय कुमार गुप्ता, घुमंतू कार्य संयोजक बाबूलाल मेघवाल, शिक्षाविद संदीप जोशी, गोपाल जोशी, के.एन. भाटी, मोहनलाल परमार, धर्मेंद्रसिंह, भरत गोयल, लघु उद्योग भारती के दिनेश गोयल, महेश मोर, छगनलाल दूदवा, सुरेंद्र नाग, भीनमाल संयोजक कांतिलाल सूर्या, गोपाल स्वामी और नरेश देवड़ा सहित बड़ी संख्या में गणमान्य लोग उपस्थित रहे। भामाशाहों का सम्मान समारोह के दौरान छात्रावास के संचालन में आर्थिक सहयोग देने वाले भामाशाहों का भगवा दुपट्टा पहनाकर स्वागत एवं अभिनंदन किया गया। इनमें श्रवणसिंह राव, नंदकिशोर रांदड़, उमाकांत गुप्ता, गोकुल डेयरी रानीवाड़ा के अमृतलाल, खेताराम आलवाड़ा, गमनाराम जैसावास, भगवान चौधरी, प्रकाश चौधरी, नरेंद्र चौधरी और अमन अग्रवाल सहित अन्य दानवीर शामिल थे।


