भास्कर न्यूज|लोहरदगा आगे दो-तीन दिनों में लोहरदगा जिले का तापमान 2 से 3 डिग्री तक जाने का अनुमान जताया गया है। विभाग ने इस दिशा में चेतावनी भी जारी की है। लगातार पड़ रही कनकनी और कोहरे के प्रकोप से आमजनों से लेकर पशुओं तक कंपकपा रहे हैं। अभी 9 जनवरी तक निरंतर तापमान में कमी आएगी। इसे लेकर सरकार के दिशा निर्देश पर केजी से लेकर कक्षा 12वीं तक के सभी विद्यालयों में 8 जनवरी तक छुट्टी भी घोषित कर दिया गया। जिले में मंगलवार को एक बार फिर कोहरे का भारी प्रकोप देखा गया। सुबह लगभग 10:00 बजे तक एनएच सहित अन्य जगहों पर कोहरे के कारण विजिबिलिटी जीरो बनी रही। इतना ही नहीं 9 बजे तक हाइवे पर एक्का दुक्का वाहनों का आवागमन होता देखने को मिला। मंगलवार को जिले का न्यूनतम तापमान 4 से 5 डिग्री और अधिकतम तापमान 17 से 18 डिग्री दर्ज किया गया। सुदूर क्षेत्रों में शीतलहरी हवाओं के प्रकोप के कारण रात्रि में न्यूनतम तापमान 1 से 2 डिग्री तक जा रहा है। लगभग डेढ़ माह से ठंड के आगोश में समाए जनजीवन पूरी तरह से प्रभावित हैं। जहां लोग सुबह दैनिक जीवन से देर जुड़ पा रहे है वहीं शाम होते ही लगभग 6 बजे के बाद पुनः सड़कों पर वीरानी छा जा रही है। इस दिशा में कृषि वैज्ञानिक डॉ. शंकर कुमार सिंह से की गई वार्ता में बताया गया कि मौसम में कोल्ड वेव चल रहा है। आगे दो तीन दिनों में तापमान मिनिमम 3 डिग्री तक जा सकता है। पछुआ हवा चलने से ठंडापन ला रहा है। 9 जनवरी तक बादल के साथ कोल्ड वेव बना रहेगा। पहाड़ों में तेज बर्फबारी होने से बारिश की भी संभावना बनी है। यदि बारिश होती है तो अभी ठंड की अवधि ओर भी बढ़ जाएगी। वहीं दूसरी ओर कहा कि किसान गेहूं, मटर, आलू, सरसो की सिंचाई कर दें। जिससे उक्त फसलों को पाला मारने से बचाया जा सकता है। सिंचाई से जमीन के नीचे का तापक्रम बना रहेगा। जानवरों को गर्म पानी में नमक डालकर पिलाएं। ज्यादा पाला मारने से आलू और मसूर के फसल को बचाने की जरूरत है। गेहूं के पीलापन से डरना नहीं है। खेतों में चारों तरफ धुआं कर दे। रेडोमिल दावा 2 एमएल एक लीटर पानी में घोल बनाकर छिड़काव करने से पाला मारने से बचाया जा सकता हैं। चूर्णित रोग से बचाव के लिए मानकोजीफ दवा का छिड़काव कर सकते हैं।


