भास्कर न्यूज|रामगढ़ केंद्रीय भूमि जल बोर्ड, राज्य कार्यालय के तत्वावधान में बुधवार को राधा गोविंद विश्वविद्यालय परिसर में भूजल संबंधित मुद्दों व प्रबंधन टोअर-III प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया। प्रशिक्षण शिविर में भूगोल विभाग के दर्जनों छात्र छात्राएं शामिल हुए। कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ विश्वविद्यालय के कुलाधिपति बी एन साह सहित अन्य अतिथियों ने संयुक्त रूप से दीप जलाकर किया। इससे पूर्व सभी अतिथियों को पर्यावरण संरक्षण को लेकर पौधे सहित प्रतीक चिन्ह देकर सम्मानित किया गया। विश्वविद्यालय के कुलाधिपति बीएन साह और सचिव प्रियंका कुमारी ने कहा कि जल हमारे जीवन का मुख्य आधार है। हमें इसका सदुपयोग व संरक्षण करना जरूरी है। प्रशिक्षण का उद्देश्य भूजल स्तर में गिरावट, जल प्रदूषण और अन्य चुनौतियों से निपटने के लिए छात्रों में जागरूकता और ज्ञान बढ़ाने का एक प्रयास है। प्रशिक्षण कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्य वक्ता रोज अनीता कुजूर, वैज्ञानिक, , सुनील टोप्पो , सुलेखा भाया वरिष्ठ वैज्ञानिक, कुलसचिव प्रो (डॉ) निर्मल कुमार मंडल, परीक्षा नियंत्रक प्रो (डॉ) अशोक कुमार, प्रबंध समिति सदस्य अजय कुमार सहित अन्य वक्ताओं ने कहा कि भूजल एक संसाधन है। इसके संरक्षण और प्रबंधन के लिये महत्वपूर्ण कदम उठाने की जरूरत है। मुख्य वक्ता रोज अनीता कुजूर ने अपने संबोधन में कहा कि वर्षा जल संचयन,जल- बचत उपकरणों का उपयोग ,रिसाव की मरम्मत और जल का पुनः उपयोग कर जल संरक्षण कर सकते हैं। प्रशिक्षण शिविर के आयोजन के बाद सभी छात्र-छात्राओं के बीच प्रमाण पत्र का भी वितरण किया गया। कार्यक्रम का संचालन सपना साक्षी ने किया। इस अवसर पर मुख्य रूप से राधा गोविंद विश्वविद्यालय के भूगोल विभाग के व्याख्याता बुद्धदेव महतो, डॉ दिलेश्वर प्रसाद , मासूम कुमार सहित दर्जनों छात्र-छात्राएं शामिल थे।


