जेपीएससी में अध्यक्ष पद की अविलंब नियुक्ति की मांग को लेकर अबुआ अधिकार मंच का एक प्रतिनिधिमंडल राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार से मिला। प्रतिनिधिमंडल ने अन्य महत्वपूर्ण शैक्षणिक और सांस्कृतिक विषयों को भी राज्यपाल के समक्ष रखा। अबुआ अधिकार मंच के नीतीश सिंह ने कहा कि झारखंड लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष पद के लंबे समय से रिक्त होने के कारण विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में देरी हो रही है। जिससे हजारों युवा प्रभावित हो रहे हैं। परीक्षा प्रक्रिया ठप पड़ने से योग्य उम्मीदवारों के करियर पर संकट मंडरा रहा है। अबुआ अधिकार मंच ने राज्यपाल से आग्रह किया है कि जेपीएससी अध्यक्ष की नियुक्ति अविलंब की जाए ताकि नियुक्तियों को लेकर लंबित परीक्षाओं, रिजल्ट, प्रमोशन के मामले क्लीयर हो सकें। अबुआ अधिकार मंच के प्रतिनिधिमंडल ने रांची विश्वविद्यालय के केंद्रीय पुस्तकालय का नाम वीर बुधु भगत पुस्तकालय रखने की मांग की। वहीं पद्मश्री डॉ. राम दयाल मुंडा के सम्मान में रांची विश्वविद्यालय का नाम उनके नाम पर रखने, डोरंडा महाविद्यालय का नामकरण भारत रत्न डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम महाविद्यालय करने की मांग की गई। छात्रसंघ चुनाव जल्द कराए जाएं : मंच के सदस्यों ने कहा कि बीते छह वर्षों से झारखंड के विश्वविद्यालयों में छात्रसंघ चुनाव नहीं हुए हैं। वर्ष 2025-26 में अनिवार्य रूप से चुनाव कराए जाएं ताकि छात्र नेतृत्व को उचित मंच मिल सके। वर्षों से विश्वविद्यालयों में सेवा दे रहे सहायक प्राध्यापकों को स्थायी किया जाए या उन्हें 78,000 रुपये मासिक वेतन दिया जाए ताकि वे आर्थिक असुरक्षा से मुक्त होकर उच्च शिक्षा को सशक्त बना सकें और गुणवत्ता में सुधार हो। छात्रों ने कहा कि खेल सुविधाओं के विस्तार के लिए आधुनिक मल्टीपर्पज इंडोर स्टेडियम बनाया जाए। ताकि युवा खेल प्रतिभाओं को उचित अवसर मिल सके।


