इंदौर में दूषित पानी से हुई मौतों के बाद भी नीमच में लापरवाही सामने आई है। ग्राम पंचायत कनावटी स्थित ज्ञानोदय मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल पर अस्पताल का गंदा पानी गांव की तलैया में छोड़ने का आरोप है। इससे पूरे क्षेत्र के जल स्रोतों के जहरीला होने का खतरा बढ़ गया है। यह दूषित पानी जिस तलैया में मिल रहा है, उसके ठीक पास गांव का सार्वजनिक शासकीय कुआं है। इसी कुएं से पूरे गांव को रोजाना पीने के पानी की आपूर्ति होती है। ग्रामीणों का कहना है कि तलैया में छोड़े जा रहे गंदे पानी का रिसाव जमीन के भीतर से कुएं में हो रहा है। ग्रामीणों ने आशंका जताई है कि इस कारण कभी भी कोई बड़ी जनहानि या महामारी फैल सकती है। रहवासी सत्यनारायण पाटीदार ने बताया कि पूरा गांव इसी कुएं पर निर्भर है और अस्पताल का यह ड्रेनेज ग्रामीणों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ है। मामले की गंभीरता को देखते हुए ग्राम पंचायत सचिव भागीरथ प्रजापति ने अस्पताल प्रबंधन को तीन दिन का नोटिस जारी किया है। सचिव ने स्पष्ट किया है कि यदि तीन दिन के भीतर गंदे पानी को रोकने की अलग व्यवस्था नहीं की गई, तो पंचायत द्वारा सख्त कार्रवाई की जाएगी।


