झाबुआ जिले के मोरझिरी गांव में रविवार को तेंदुए के हमले में एक वनपाल सहित 6 लोग घायल हो गए। सोमवार को ग्रामीणों ने राहत की सांस ली, क्योंकि गांव में फैली दहशत अब सामान्य हो रही है। रविवार को मोरझिरी गांव में उस समय हड़कंप मच गया, जब किसान तोलिया मचार के खेत में एक मादा तेंदुआ दिखाई दी। तेंदुए ने तुरंत हमला करना शुरू कर दिया, जिसमें एक बच्चा और एक अन्य ग्रामीण घायल हो गए। घटना की खबर फैलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर जमा हो गए। ग्रामीणों और वनपाल किया था हमला ग्रामीणों के शोर मचाने पर तेंदुए ने फिर हमला किया, जिसकी चपेट में आने से तीन और ग्रामीण घायल हो गए। बचाव कार्य के दौरान एक वनपाल को भी चोटें आईं। सभी घायलों को तत्काल काकनवानी और थांदला के अस्पतालों में प्राथमिक उपचार के लिए भेजा गया। ड्रोन से की जा रही निगरानी घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग ने स्थिति को नियंत्रित करने के लिए कार्रवाई की। देर शाम तक ड्रोन के जरिए तेंदुए की गतिविधियों पर नजर रखी गई। तेंदुए को सुरक्षित पकड़ने के लिए इलाके में पिंजरा भी लगाया गया। पूरी रात वन कर्मचारी और ग्रामीण निगरानी करते रहे। रविवार की पूरी रात दहशत में गुजारने के बाद, सोमवार सुबह गांव में शांति लौट आई। जब यह पुष्टि हुई कि तेंदुआ रात के अंधेरे में रिहायशी इलाके से निकलकर जंगल की ओर वापस चला गया है, तब ग्रामीणों ने राहत महसूस की। इसके बाद ग्रामीण अपने खेतों पर कामकाज के लिए वापस पहुंच गए।


