झारखंड में मानसून इस समय पूरी तरह सक्रिय है। मौसम विभाग के मुताबिक, राज्य की राजधानी रांची में अगले कई दिनों तक हल्की से मध्यम दर्जे की बारिश होती रहेगी। 16 सितंबर को आसमान में बादल छाये रहेंगे और दो से अधिक बार बारिश होने की संभावना है। रांची के अधिकतम तापमान में 1 डिग्री सेल्सियस की और गिरावट आ सकती है, जबकि न्यूनतम तापमान में खास परिवर्तन की उम्मीद नहीं है। फिलहाल रांची का अधिकतम तापमान 27 डिग्री और न्यूनतम 23.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है। अधिकतम तापमान सामान्य से 2.8 डिग्री कम और न्यूनतम तापमान सामान्य से 1.4 डिग्री अधिक है। बीते 24 घंटे में सामान्य से 187% अधिक बारिश पिछले 24 घंटे में झारखंड में सामान्य से 187 फीसदी अधिक वर्षा हुई है। सामान्य वर्षा जहां 7.5 मिलीमीटर होती है, वहीं सोमवार को 21.4 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई। सितंबर में यह पहला दिन था, जब बारिश सामान्य से अधिक दर्ज की गई। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि फिलहाल राज्य में मानसून सक्रिय है। लगभग सभी हिस्सों में हल्की से मध्यम दर्जे की वर्षा हो रही है। वहीं रांची में इस मानसून सीजन में अब तक 1398.8 मिलीमीटर बारिश हो चुकी है, जो सामान्य 938.6 मिलीमीटर की तुलना में 49 फीसदी अधिक है। झारखंड में अब तक कुल 1100.5 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई है, जो सामान्य से 20 फीसदी ज्यादा है। बारिश से रांची शहर में जल जमाव सोमवार को हुई झमाझम बारिश ने राजधानी रांची की रफ्तार थाम दी। कांटाटोली फ्लाईओवर के नीचे पिलर नंबर 24 और 25 के पास इतना जल जमाव हो गया कि यहां सड़क पर बने गड्ढे में दो वाहन आधे से अधिक डूब गए। शाम सात बजे वेटनरी काउंसिल से घर लौट रहीं डॉ. जेनित भगत की कार बीच पानी में बंद हो गई। किसी तरह लोगों की मदद से कार को बाहर निकाला गया। इसी तरह शहर के कांटाटोली, पीपी कंपाउंड, अपर बाजार, बूंटी मोड़, कर्बला रोड और सेवा सदन रोड में भी जल जमाव की वजह से लोगों को भारी परेशानी झेलनी पड़ी। शहर में जाम और हादसों से बढ़ी परेशानी कांटाटोली फ्लाईओवर के आसपास की स्थिति सबसे ज्यादा खराब रही। यहां जल जमाव इतना था कि कार और बाइक चालकों को गहरे पानी से गुजरने में खासी दिक्कत हुई। कई दोपहिया वाहन चालक असंतुलित होकर गिर भी गए और चोटिल हो गए। फ्लाईओवर के ऊपर और नीचे दोनों तरफ गाड़ियों की लंबी कतार लग गई। सामान्यतः: 10 मिनट में तय होने वाला तीन किलोमीटर का सफर लोगों ने आधे घंटे से ज्यादा समय में पूरा किया। जल निकासी की व्यवस्था नहीं होने और ट्रैफिक पुलिस के नहीं रहने से आम लोगों की परेशानी को और बढ़ा दिया। देर से पहुंचे कई विमान मौसम की मार सिर्फ सड़क तक सीमित नहीं रही, बल्कि हवाई यातायात भी प्रभावित हुआ। बारिश और खराब मौसम की वजह से कई विमानों के आने-जाने का समय प्रभावित हुआ। कोलकाता से दोपहर 3.05 बजे आने वाला विमान करीब एक घंटे की देरी से शाम 4.10 बजे लैंड किया। इसी तरह मुंबई से शाम 4 बजे आने वाला इंडिगो का विमान 5.36 बजे रांची पहुंचा। जबकि भुवनेश्वर से शाम 7.10 बजे आने वाला विमान 8.26 बजे लैंड किया। मौसम वैज्ञानिकों ने बताया कि पूर्वी बिहार और बंगाल की खाड़ी में बने चक्रवातीय सर्कुलेशन के असर से झारखंड में बारिश का सिलसिला अभी कई दिनों तक जारी रहेगा।


