संभागीय आयुक्त अनिल अग्रवाल ने नगर परिषद झालावाड़ में चल रहे शहरी योजनाओं के शिविर का निरीक्षण किया। इस दौरान ई-मित्र कर्मियों द्वारा आवेदनों पर अधिक शुल्क वसूलने का मामला सामने आया, जिस पर उन्होंने आयुक्त समेत अन्य अधिकारियों के प्रति नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने कहा कि समय पर मॉनिटरिंग नहीं हो रही है। संभागीय आयुक्त नगर परिषद के मुख्य गेट पर पहुंचे और वहां मिली एक महिला से बात की। महिला ने बताया कि वह प्रमाण पत्र बनवाने के लिए आवेदन करने आई थी और उससे स्टाम्प आदि के लिए 150 रुपए लिए गए। इस पर संभागीय आयुक्त ने नाराजगी जताते हुए इसे मॉनिटरिंग की कमी का परिणाम बताया। उन्होंने मौके पर मौजूद आयुक्त नरेंद्र मीणा को ऐसी शिकायतें मिलने पर जांच कराने के निर्देश दिए। संभागीय आयुक्त ने नगर परिषद द्वारा संचालित रजिस्टर की भी जांच की और वहां मौजूद कर्मचारियों से जानकारी ली। संतोषजनक जवाब न मिलने पर उन्होंने फिर से नाराजगी व्यक्त की। इस मामले में आयुक्त नरेंद्र मीणा ने बताया कि अधिक शुल्क लेने के मामले की जांच कराई जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि ये ई-मित्र कर्मी बाहर के थे और उचित कार्रवाई की जाएगी। इस अवसर पर एसडीएम अभिषेक चारण और सभापति प्रदीप सिंह राजावत भी मौजूद थे।


