भास्कर न्यूज | कवर्धा कवर्धा में राजनांदगांव रोड से कंडरा पारा तक 1.8 किलोमीटर लंबा गौरव पथ बनना है। इसे लेकर दिसंबर 2024 में 10 करोड़ 73 लाख 88 हजार रुपए मंजूर हुआ है। 9 महीने बाद भी गौरव पथ का काम शुरू नहीं हो चुका है। टेंडर के बाद शासन से दर स्वीकृति नहीं मिलने से काम अटका हुआ है। दरअसल, यह गौरव पथ नगर पालिका के जरिए बनवाई जा रही है। नगर पालिका को 2.50 रुपए तक के कार्य कराने का नियम है। ढाई करोड़ रुपए से अधिक के प्रोजेक्ट पर शासन से दर स्वीकृति जरूरी है। प्रस्तावित गौरवपथ का निर्माण 10.73 करोड़ रुपए की लागत से किया जाना है। यही कारण है कि टेंडर खुलने के बाद इसे दर स्वीकृति के लिए राज्य शासन को भेजा गया है। अभी तक दर स्वीकृति नहीं हुई, इस कारण गौरव पथ का काम शुरू नहीं हो पाया है। इधर, गौरव पथ निर्माण में लेटलतीफी होने से शहरवासियों में नाराजगी है। तीन कॉलोनी के हजारों लोगों को सीधा फायदा शहर के राजनांदगांव बाइपास रोड से कंडरा पारा तक 1.8 किलोमीटर लंबा गौरवपथ बनने की योजना है। रामनगर, शिवाजी कॉलोनी, शांतिदीप कॉलोनी और नवीन बाजार जैसे इलाकों के हजारों लोग इस सड़क से सीधा फायदा मिलने का इंतजार कर रहे हैं। लेकिन काम शुरू होने में लेटलतीफी से इंतजार लंबा होता जा रहा है। इससे लोगों की परेशानी बढ़ गई है। पुल और सड़क का काम भी अब तक शुरू नहीं हुआ कवर्धा के अंबेडकर चौक से राजमहल चौक होते हुए समनापुर पुल तक बीटी रोड और आरसीसी नाली निर्माण होना है। इसके लिए भी शासन से 2.60 करोड़ रुपए स्वीकृत हुआ है। लेकिन धरातल पर काम शुरू नहीं हुआ है। सड़क निर्माण के लिए नपा ने अभी टेंडर निकाले हैं। टेंडर खुलने में 20 से 25 दिन लगेंगे। इधर लोगों को लगातार परेशानी हो रही है। शासन से दर स्वीकृति जरूरी है: नपाध्यक्ष कवर्धा नगरपालिका अध्यक्ष चंद्रप्रकाश चंद्रवंशी का कहना हैं कि गौरवपथ का टेंडर तो हो चुका है, लेकिन 2.5 करोड़ से ज्यादा के काम के लिए शासन से दर स्वीकृति जरूरी है। वहीं अंबेडकर चौक से समनापुर पुल तक की सड़क के लिए टेंडर निकाले गए हैं। प्रक्रिया में अभी 20-25 दिन और लगेंगे। हमारा प्रयास है लोगों को जल्द सुविधा मिल सके।


