भास्कर न्यूज | चूरू/रतनगढ़ आरपीएससी की ओर से रविवार को चूरू व रतनगढ़ के 49 केंद्रों पर हुई आरएएस-प्री परीक्षा में पंजीकृत 15372 अभ्यर्थियों में से 7967 उपस्थित रहे। वहीं 7304 अनुपस्थित रहे। इधर, रेवाड़ी से बीकानेर जाने वाली पैसेंजर ट्रेन में सवार 300 से अधिक अभ्यर्थियों को ट्रेन के लेट पहुंचने के कारण परीक्षा से वंचित रहना पड़ा। जानकारी के अनुसार रेवाड़ी-बीकानेर पैसेंजर ट्रेन रविवार को रतनगढ़ में निर्धारित समय से एक घंटे 12 मिनट देरी से पहुंची। इस कारण उसमें सवार अभ्यर्थी परीक्षा से वंचित रह गए। अभ्यर्थियों को केंद्र पर देरी से पहुंचने के कारण प्रवेश नहीं दिया गया। छात्रा अभ्यर्थी परीक्षार्थी केंद्राधीक्षक के सामने हाथ जोड़कर रोती हुई नजर आईं, लेकिन अधिकारियों ने नियमों का हवाला देते कहा कि प्रवेश नहीं दिया जा सकता है। रेलवे के अनुसार ट्रैक दोहरीकरण कार्य के चलते यह ट्रेन सोमवार को देरी से पहुंची। ट्रेन का रतनगढ़ जंक्शन पर पहुंचने का समय 9.50 बजे का है, जबकि रविवार को 11.02 बजे जंक्शन पर पहुंची। ये ट्रेन करीब एक महीने से बंद थी, जिसे शनिवार से ही शुरू किया गया था। यह ट्रेन करीब 39 मिनट चूरू तक लेट थी। जुहारपुरा से मौलीसर के बीच और लेट होने के कारण रतनगढ़ करीब एक घंटे 12 मिनट देरी से पहुंची। जिला समन्वयक व एडीएम अर्पिता सोनी ने बताया कि चूरू शहर व रतननगर के 32 केंद्रों पर पंजीकृत 9559 परीक्षार्थियों में से 5133 उपस्थित रहे। इन केंद्रों पर कुछ परीक्षार्थी लेट हो गए, जिसके कारण उनको परीक्षा से वंचित होना पड़ा। रतननगर के एक केंद्र पर चूरू से पहुंची महिला अभ्यर्थी पांच मिनट देरी के कारण परीक्षा से वंचित हो गई। परीक्षा केंद्र के सामने महिला परीक्षार्थी की दो छोटी-छोटी बेटियां रोने लगी। एक बेटी तो हाथ जोड़कर खड़ी हो गई, लेकिन कर्मचारियों ने नियमों का हवाला देते हुए प्रवेश नहीं दिया। परीक्षा को लेकर आईपीएस प्रशांत किरण, एसडीएम बिजेंद्र सिंह, डीएसपी सुनील कुमार झाझड़िया के नेतृत्व में पुलिस व प्रशासन के अधिकारी-कर्मचारी मुस्तैद रहे।


