अमेरिका में रह रहे गैंगस्टर प्रभ दासू वाल के नाम से गिल रोड स्थित इमीग्रेशन कंपनी के मालिक को फोन कर 50 लाख की फिरौती मांगने वाले तीन बदमाशों व पुलिस क बीच देर रात 1.30 बजे मुठभेड़ हुई। स्विफ्ट कार सवार बदमाशों ने पुलिस पर फायरिंग की, जिसमें थाना डिवीजन नंबर 6 की इंचार्ज इंस्पेक्टर कुलवंत कौर बाल-बाल बची। पुलिस की जवाबी फायरिंग में तीनों बदमाश गोली लगने से घायल हो गए। इनमें दो बदमाशों की टांगों व एक के बाजू पर गोली लगी है। घायल बदमाशों की पहचान अंकुश, मुदित और अभिजीत मंड के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 2 पिस्तौल व उनकी कार बरामद की है। आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है। आरोपी अभिजीत मंड पर फिरौती के 7 मामले, अंकुश व मुदित पर 4-4 मामले दर्ज हैं। जानकारी के मुताबिक गिल रोड स्थित इमीग्रेशन ऑफिस चलाने वाले ट्रैवल एजेंट ने इस बारे में थाना डिवीजन नंबर 6 में शिकायत दी थी। शिकायत में उनका कहना था कि 16 मार्च को उन्हें वॉट्सएप पर एक कॉल आई थी। फोन करने वाले ने खुद को गैंगस्टर प्रभ दासू वाल बताया। उसने 50 लाख रुपए की फिरौती मांगी और फिरौती की रकम तरनतारन में भिजवाने के लिए कहा था। बिना नंबर की कार और दो पिस्तौल बरामद पुलिस की फायरिंग से जख्मी हुए गैंगस्टर सिविल अस्पताल में भर्ती। थाना डिवीजन नंबर 6 की इंचार्ज कुलवंत कौर ने मामले की तफ्तीश शुरू की। जांच के दौरान आरोपियों के दुगरी के नजदीक धांधरा रोड पर होने का पता चला। जिस पर कुलवंत कौर ने आला अफसरों से बात की। जब पुलिस वहां पहुंची तो आरोपी बिना नंबर की स्विफ्ट कार में थे। बैकअप के लिए सीआईए-1, सीआईए-2 व सीआईए-3 की टीमें भी पहुंच गई। जब पुलिस ने आरोपियों की कार को रोका तो वह तीनों कार से निकलकर भागे। कुलवंत कौर उनके पीछे थी, तभी आरोपियों ने कुलवंत कौर पर फायर कर दिया। इसमें कुलवंत कौर बाल-बाल बची। इसके बाद दोनों तरफ से गोलियां चली। पुलिस की गोलियां लगने से तीनों बदमाश वहीं घायल हो गए। उनसे 2 अवैध पिस्तौल भी बरामद हुई। एडीसीपी अमनदीप बराड़ का कहना है कि आरोपियों का इलाज करवाया जा रहा है। एक महीना पहले तरनतारन पुलिस ने भी गैंगस्टर प्रभ दासू वाल के 2 गुर्गों को मुठभेड़ के बाद काबू किया था। जांच में सामने आया था कि पकड़े गए आरोपियों ने कई लोगों को धमकाकर फिरौती थी ली।


