केरसई|प्रखंड में जिला उद्यान विभाग से प्रशिक्षण प्राप्त चार किसानों को मधुमक्खी पालन कीट का वितरण किया गय। बीडीओ ज्ञानमणि एक्का, प्रखंड कृषि पदाधिकारी, ग्लैडसन बारला, एफपीओ के सीईओ कैथरीन के द्वारा संयुक्त रूप से वितरण किया। बीडीओ ने कहा कि इस पहल से किसानों को आत्मनिर्भर बनाने में मदद मिलेगी और मधुमक्खी पालन से उनका आर्थिक स्तर बेहतर हो सकेगा। साथ ही, उन्होंने इस कार्यक्रम के लिए जिला उद्यान विभाग की सराहना की और किसानों से अपील की कि वे इस प्रशिक्षण का लाभ उठाकर अपनी आय को बढ़ाने का प्रयास करें। मधुमक्खी पालन से न केवल किसानों को अतिरिक्त आय हो सकती है, क्योंकि मधुमक्खियों का परागण से फसल उत्पादन में वृद्धि होती है। भास्कर न्यूज|सिमडेगा मणिपुर की राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन की टीम का 2 दिवसीय एक्सपोसर विजिट सिमडेगा जिले में हो रहा है। इस दौरान समाहरणालय के सभागार में डीसी अजय कुमार सिंह व पुलिस अधीक्षक सौरभ की संयुक्त अध्यक्षता में खुली चर्चा हुई। जिसमें जेंडर रिसोर्स सेंटर से संबंधित सभी विभाग और मणिपुर की टीम शामिल हुई। जेंडर रिसोर्स सेंटर के कार्यकलापों, विधि व्यवस्था, जेंडर रिसोर्स सेंटर में जिला स्तरीय पदाधिकारी का योगदान आदि पर विस्तृत चर्चा की गई। पुलिस अधीक्षक सौरभ ने बताया कि सभी प्रखंडों में कम्युनिटी पुलिस का गठन किया गया है जिन्हें निर्देश दिया गया है की प्रत्येक माह संकुल स्तरीय संगठन की बैठक में भाग लेते हुए स्थानीय स्तर पर साइबर क्राइम, नशापान के रोकथाम, घरेलू हिंसा, डायन कुप्रथा आदि विषयों पर चर्चा, समाधान व लोगों को जागरूक करने का भी कार्य जेएसएलपीएस के सहयोग किया जा रहा है। जेंडर रिसोर्स सेंटर से संबद्ध विभागों के प्रतिनिधि में समाज कल्याण विभाग, बाल संरक्षण विभाग, एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग थाना व डालसा के प्रतिनिधि सहित जेएसएलपीएस की जिला कार्यक्रम प्रबंधक शांति मार्डी की उपस्थिति में मणिपुर की टीम को जेंडर रिसोर्स सेंटर का उद्देश्य, लक्ष्य, महिला सशक्तिकरण व लिंग आधारित हिंसा के समाधान के लिए किए जा रहे प्रयासों को विस्तार पूर्वक समझाया गया। दोनों राज्यों के एनआरएलएम कार्यक्रमों के बीच अनुभवों का आदान-प्रदान करने पर चर्चा हुईं। ठेठईटांगर टांगर प्रखंड के जेंडर रिसोर्स सेंटर में अब तक के कुल दर्ज केस की संख्या 127 बताई गई, बताया गया कि जिसमें सलाहकार समिति से समन्वय बनाते हुए कुल 96 केस का निष्पादन किया जा चुका है। शेष 31 केस थाना में दर्ज किए गए हैं, जिनका निष्पादन किया जा रहा है। उपायुक्त ने बताया कि जेंडर रिसोर्स सेंटर से संबंधित अद्यतन प्रतिवेदन की समीक्षा प्रत्येक माह बैठक के दौरान की जाएगी। डीपीएम जेएसएलपीएस शांति मार्डी, जिला समाज कल्याण पदाधिकारी सुरज मुन्नी कुमारी, बाल कल्याण पदाधिकारी सुमित्रा बड़ाइक, सहित पदाधिकारी उपस्थित थे।


