सागर के बड़तूमा में 100 करोड़ रुपए की लागत से निर्माणाधीन संत रविदास महाराज मंदिर एवं संग्रहालय का सोमवार को उप मुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल ने निरीक्षण किया। उन्होंने निर्माण कार्य की प्रगति की जानकारी ली और मंदिर की ड्राइंग देखकर इंजीनियरों से विस्तार से चर्चा की। निरीक्षण के दौरान डिप्टी सीएम ने कहा कि मंदिर निर्माण कार्य निर्धारित समय-सीमा में पूरा किया जाए और गुणवत्ता में किसी प्रकार की लापरवाही न हो। उन्होंने कहा कि मंदिर के पूर्ण होने के बाद देश-विदेश से श्रद्धालु और पर्यटक सागर आएंगे। यह परियोजना सागर जिले के गौरव के रूप में स्थापित होगी। सांसद-विधायक सहित अधिकारी रहे मौजूद
निरीक्षण के दौरान सांसद डॉ. लता वानखेड़े, नरयावली विधायक प्रदीप लारिया, कलेक्टर संदीप जीआर सहित अन्य जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे। संत रविदास जयंती के अवसर पर मध्यप्रदेश शासन ने सागर में 100 करोड़ रुपए की लागत से संत रविदास मंदिर और संग्रहालय निर्माण की घोषणा की थी। इसका भूमिपूजन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा किया गया था। निर्माण कार्य की पूर्णता की अवधि अगस्त 2025 तय की गई थी, लेकिन अभी कार्य पूर्ण नहीं हो सका है। केंद्र और राज्य स्तर पर हो रही मॉनिटरिंग
संत रविदास मंदिर के निर्माण की केंद्र और राज्य सरकार स्तर पर लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है। इसी क्रम में पर्यटन, संस्कृति, धर्म एवं धर्मस्व विभाग के अधिकारी नियमित रूप से निर्माण स्थल का निरीक्षण कर रहे हैं। नागर शैली में बन रहा भव्य मंदिर
संत रविदास मंदिर एवं संग्रहालय परिसर को इस तरह विकसित किया जा रहा है कि यह देश-विदेश के साधकों, शोधकर्ताओं और श्रद्धालुओं को आकर्षित करे। परिसर में मॉडर्न सुविधाएं, रोशनी और हरियाली विकसित की जा रही है, जिससे ज्ञान और शांति का अनुभव मिलेगा। 12 एकड़ में आकार ले रहा मंदिर-संग्रहालय परिसर
यह भव्य परिसर 12 एकड़ भूमि पर विकसित किया जा रहा है। इसमें 5500 वर्ग फीट क्षेत्र में मुख्य मंदिर का निर्माण किया जा रहा है। मंदिर नागर शैली में बनाया जा रहा है, जिसमें गर्भगृह, अंतराल मंडप और अर्धमंडप का निर्माण कार्य प्रगति पर है।


