बिलासपुर| डी ग्रेड स्कूलों को अधिकारी व जनप्रतिनिधि गोद लेंगे और इनका निरीक्षण करेंगे। प्रदेश के सभी सरकारी स्कूलों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की पहुंच सुनिश्चित करने के लिए मुख्यमंत्री शिक्षा गुणवत्ता अभियान के तहत राज्य के 56,895 सरकारी स्कूलों के सोशल ऑडिट कराया गया था। इनमें में 9540 स्कूलों को डी ग्रेड मिले। वहीं 16,785 स्कूल ए ग्रेड निकले थे। 47,355 स्कूल ए, बी और सी ग्रेड में रहे। सामजिक अंकेक्षण के दौरान यह बात सामने आई थी। स्कूलों को चार स्तर (एबीसीडी) पर चिह्नांकित किया गया था। इनमें सबसे कमजोर स्कूलों को डी स्तर का माना गया था। इनमें प्रदेश में 17.76% स्कूल डी ग्रेड वाले निकले। कक्षा एक से तीन तक के बच्चे न गिनती जानते हैं और न ही उन्हें अक्षर ज्ञान है। अभियान के तहत सभी शालाओं में सामाजिक अंकेक्षण हो चुका है और इसके माध्यम से ऐसी शालाओं का चिह्नांकन किया गया है, जिनमें सुधार के लिए अभियान चलाया जाएगा। इसमें स्कूलों को गोद लेंगे और दो बार भ्रमण कर निरीक्षण का काम करना है। निरीक्षण जिले के जनप्रतिनिधि व विभिन्न अधिकारियों के माध्यम से होना है। उनकी सहमति लेकर सूची भी तैयार कर ली गई है। इसके लिए एप भी बनाया गया है।


