डूंगरपुर जिला अस्पताल में पार्किंग ठेके के विरोध में चौरासी विधानसभा से बीएपी विधायक अनिल कटारा के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने धरना प्रदर्शन किया। बीएपी नेताओं ने आरोप लगाया कि पार्किंग ठेके के कर्मचारी मरीजों और उनके परिजनों के साथ अभद्र व्यवहार कर रहे हैं और अवैध वसूली कर रहे हैं। विधायक अनिल कटारा ने बताया कि उन्हें लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि अस्पताल में पार्किंग के नाम पर मरीजों और उनके परिजनों से पैसे वसूले जा रहे हैं। यदि कोई परिजन एक बार पर्ची कटवाकर आधे घंटे के भीतर दोबारा अस्पताल आता है, तो उससे फिर से राशि ली जाती है। इसके अलावा, ठेके पर तैनात कर्मचारियों द्वारा उनके साथ दुर्व्यवहार भी किया जाता है। कटारा ने पार्किंग ठेके का विरोध करते हुए कहा कि बांसवाड़ा और उदयपुर जैसे बड़े जिलों के अस्पतालों में पार्किंग का कोई ठेका नहीं है, जबकि डूंगरपुर में यह वसूली की जा रही है। उन्होंने तर्क दिया कि जब सरकारी अस्पताल में दवाएं और जांचें निःशुल्क हैं, तो पार्किंग भी निःशुल्क क्यों नहीं हो सकती। इस प्रदर्शन में बीएपी के जिला अध्यक्ष अनुतोष रोत और सामान्य वर्ग के प्रदेश संयोजक दिग्विजय सिंह सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित थे। बीएपी ने अस्पताल प्रबंधन को तीन दिन का अल्टीमेटम दिया है। चेतावनी दी गई है कि यदि तीन दिन के भीतर ठेका बंद नहीं किया गया, तो उग्र आंदोलन किया जाएगा।


