भास्कर न्यूज | लुधियाना गुरु अंगद देव वेटरनरी एंड एनिमल साइंसेज यूनिवर्सिटी के पशुधन उत्पादन प्रबंधन विभाग द्वारा एक सप्ताह का उन्नत उद्यमिता कौशल विकास प्रशिक्षण आयोजित किया गया। इस प्रशिक्षण का विषय किसानों की आय बढ़ाने के लिए वैज्ञानिक डेयरी फार्मिंग, गुणवत्ता श्रृंखला और विपणन था। सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा प्रायोजित इस प्रशिक्षण में 20 प्रतिभागियों ने भाग लिया। प्रशिक्षण समापन समारोह में मुख्य अतिथि वाइस चांसलर डॉ. जतिंदर पाल सिंह गिल रहे। उन्होंने कहा कि प्रतिभागियों को पशुधन क्षेत्र में नए और अभिनव विचारों के साथ आगे आना चाहिए। उन्होंने छात्रों को अपना खुद का उद्यम स्थापित करने के लिए प्रोत्साहित किया। अनुसंधान निदेशक डॉ अनिल कुमार अरोड़ा ने कहा कि सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (एमएसएमई) उद्यमिता के लिए आधार भूमि के रूप में कार्य करते हैं। वेटरनरी साइंस कॉलेज के डीन डॉ सर्वप्रीत सिंह घुम्मन ने कहा कि हमें डेयरी क्षेत्र में गुणवत्तापूर्ण उत्पादों को और बढ़ावा देना चाहिए। प्रशिक्षण के दौरान डेयरी, पशु चिकित्सा, उद्योग और लेखा विशेषज्ञों ने मौखिक और व्यावहारिक ज्ञान प्रदान किया। छात्रों को डेयरी संयंत्रों और डेयरी उद्योग आधारित कंपनियों का भी दौरा कराया गया। डॉ सुरेश कुमार, डॉ. कुलविंदर सिंह और डॉ. नितिन मेहता पाठ्यक्रम समन्वयक ने इस प्रशिक्षण का प्रभावी ढंग से संचालन किया।


