नीमच की विशेष एनडीपीएस कोर्ट ने डोडाचूरा तस्करी के एक मामले में आरोपी को दोषी ठहराया है। कोर्ट ने आरोपी कालूराम पिता रामधन जाट को 4 साल के सश्रम कारावास और 30 हजार के अर्थदंड से दंडित किया है। विशेष न्यायाधीश जितेंद्र कुमार बाजोलिया ने बुधवार शाम को यह फैसला सुनाया। राजस्थान में किसी तस्कर को देने जा रहे थे यह मामला 24 फरवरी 2020 का है। नारकोटिक्स सेल इंदौर प्रकोष्ठ नीमच के निरीक्षक बी.एल. सोलंकी को मुखबिर से सूचना मिली थी। सूचना के ए अनुसार, राजस्थान के अजमेर निवासी रमेश जाट और कालूराम जाटक ट्रक (आर.जे. 48 जी.ए. 0861) में अवैध मादक पदार्थ डोडाचूरा की तस्करी कर रहे थे। वे इसे राजस्थान में किसी तस्कर को देने जा रहे थे। जैतपुरा फंटे के पास नाकाबंदी कर पकड़ा इस सूचना पर कार्रवाई करते हुए, बी.एल. सोलंकी और उनकी टीम ने जैतपुरा फंटे के पास नाकाबंदी की। उन्होंने मुखबिर की ओर से बताए गए हुलिए के ट्रक को रोका। तलाशी के दौरान, ट्रक के पिछले हिस्से में स्टील के रोलर के बीच छिपाकर रखे गए प्लास्टिक के चार कट्टों में कुल 40 किलोग्राम डोडाचूरा बरामद किया गया। आरोपी को 4 साल के सश्रम कारावास की सजा ट्रक चालक ने अपना नाम रमेश जाट और क्लीनर सीट पर बैठे व्यक्ति ने अपना नाम कालूराम पिता रामधन जाट बताया। संपूर्ण विवेचना के बाद, आरोपियों के खिलाफ धारा 8/15 और 29 एनडीपीएस एक्ट के तहत अभियोग पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया गया। लोक अभियोजक द्वारा प्रस्तुत साक्ष्यों के आधार पर, न्यायालय ने आरोपी कालूराम पिता रामधन जाट को दोषी पाया और उसे सजा सुनाई।


