पंजाब को पूरी तरह से सुरक्षित, नशा मुक्त और अपराध मुक्त बनाने के उद्देश्य से तरनतारन पुलिस ने जिले में ‘ऑपरेशन प्रहार 4.0’ के तहत एक व्यापक और आक्रामक तलाशी अभियान चलाया। इस विशेष अभियान के तहत पुलिस टीमों ने जिले भर में 150 से अधिक संदिग्ध व संवेदनशील घरों की गहनता से तलाशी ली। यह ऑपरेशन माननीय डीजीपी (DGP) पंजाब और स्पेशल डीजीपी (कानून एवं व्यवस्था) के दिशा-निर्देशों पर आयोजित किया गया था। फिरोजपुर रेंज के डीआईजी (DIG) श्री स्नेहदीप शर्मा और तरनतारन के एसएसपी (SSP) के प्रत्यक्ष मार्गदर्शन में सीमावर्ती (बॉर्डर) क्षेत्रों में यह विशेष सुरक्षा कार्यक्रम शुरू किया गया। ड्रोन गतिविधि और नशा तस्करी वाले इलाके निशाने पर पुलिस की ओर से इस अभियान में विशेष रूप से उन गांवों और अति-संवेदनशील इलाकों को निशाना बनाया गया, जहां अतीत में पाकिस्तान की ओर से ड्रोन गतिविधियों, नशीले पदार्थों (ड्रग्स) की तस्करी और राष्ट्रविरोधी/असामाजिक तत्वों की सक्रियता की आशंका जताई जाती रही है। इन चिह्नित क्षेत्रों में पूरे दिन समन्वित (कोऑर्डिनेटेड) सर्च ऑपरेशन चलाया गया। 1200 पुलिसकर्मी और 26 गजटेड अधिकारी रहे तैनात इस विशाल ऑपरेशन को अंजाम देने के लिए विभिन्न जिलों और पुलिस प्रशिक्षण केंद्रों से 1,200 से अधिक पुलिसकर्मियों तथा 26 से ज्यादा गजटेड रैंक के अधिकारियों (DSP/SP) की विशेष ड्यूटी लगाई गई थी। गैंगस्टरों और नशा तस्करों पर नकेल कसना मुख्य मकसद पुलिस अधिकारियों के अनुसार, इस ऑपरेशन का मुख्य उद्देश्य पंजाब की आंतरिक सुरक्षा को अभेद्य बनाना है। इसके तहत गैंगस्टरों, उनके सहयोगियों, नशीले पदार्थों के तस्करों, सप्लाई चेन का हिस्सा बनने वाले अपराधियों और देश विरोधी ताकतों के खिलाफ सख्त से सख्त और निर्णायक कार्रवाई सुनिश्चित करना है। तरनतारन पुलिस ने स्पष्ट किया है कि अपराध और नशे के खात्मे के लिए यह अभियान आगे भी इसी दृढ़ संकल्प के साथ जारी रहेगा।


