जिले की रावतसर में पुलिस ने ड्रग्स तस्करी के एक बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने पूर्व में गिरफ्तार तस्कर के खुलासे के बाद कस्बे में हेरोइन तस्करी के मुख्य सरगना सुरेंद्र झींझा को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी को कोर्ट में पेश कर रिमांड लिया है। जांच एजेंसी अन्य तस्करों की भी तलाश कर रही है। थानाधिकारी रामचंद्र कस्वां ने बताया कि एसपी अरशद अली के नेतृत्व में नशा तस्करों के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जा रहा हे। इसके तहत 4 फरवरी कृष्ण कुमार उर्फ केडी को 10 ग्राम 32 मिलीग्राम हेरोइन (चिट्टा) के साथ गिरफ्तार किया था। आरोपी बाइक से ड्रग्स की सप्लाई कर रहा था। पूछताछ में सामने आया कि कस्बे में हेरोइन तस्करी के मुख्य सरगना अनिल झींझा और सिद्धार्थ झींझा हैं। इस नेटवर्क में सुरेंद्र झींझा (59) की भी महत्वपूर्ण भूमिका सामने आई है। सुरेंद्र ने तस्करों को न केवल वाहन और शरण प्रदान की, बल्कि आर्थिक मदद भी की। वह अपने घर को नशेड़ियों के लिए हेरोइन सेवन के अड्डे के रूप में भी इस्तेमाल करने देता था। थानाधिकारी रामचंद्र कस्वां के नेतृत्व में चल रही जांच में यह भी पता चला कि यह जिले में पहला मामला है, जिसमें NDPS एक्ट की धारा 27A के तहत मादक पदार्थ सप्लायर को वित्तीय सहायता और शरण देने के लिए कार्रवाई की गई है। पुलिस ने सुरेंद्र झींझा को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया, जहां से पुलिस रिमांड मिला है। जांच एजेंसी अन्य तस्करों की भी तलाश कर रही है।


