सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले के कोसीर धान उपार्जन केंद्र में बिचौलियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की गई है। कलेक्टर डॉ. संजय कन्नौजे के निर्देश पर तहसीलदार और नोडल अधिकारी ने जांच के दौरान 95 क्विंटल अवैध धान जब्त किया। इसके अतिरिक्त, 209 क्विंटल 20 किलोग्राम अमानक धान किसानों को वापस लौटा दिया गया। केंद्र में 44 किसानों का लगभग 2000 क्विंटल धान खरीदी के लिए निर्धारित था। जांच के दौरान नोडल अधिकारी कृष्ण कुमार साहू को संदेह हुआ कि कुछ किसान बिचौलियों के माध्यम से पुराना धान खपाने का प्रयास कर रहे हैं। सूचना मिलने पर तहसीलदार शनि पैकरा मौके पर पहुंचे और जांच की। तहसीलदार की जांच में पुराना और अमानक धान पाया गया। भरत राम, झाड़ू दास और हरि राम (सभी निवासी कोसीर) नामक किसानों ने स्वीकार किया कि वे धान दुकानदार से खरीदकर लाए थे। इन तीन किसानों का कुल 95 क्विंटल धान जब्त कर लिया गया। खराब गुणवत्ता के कारण 209 क्विंटल धान किसानों को लौटाया गया इसके अलावा, बाबूलाल पटेल (कोसीर), लोचन यादव (पाठ), छतराम जांगड़े (कुम्हारी), भरतलाल (कुम्हारी), शिवप्रसाद (भाटागांव) और शोभा बाई (मुड़वाभाटा) सहित छह किसानों का 209 क्विंटल 20 किलोग्राम धान वापस कर दिया गया, क्योंकि इसमें कंकड़-मिट्टी मिली हुई थी। तहसीलदार ने संबंधित किसानों को धान की साफ-सफाई कर दोबारा उपार्जन केंद्र पर लाने के निर्देश दिए हैं। मौके पर पंचनामा तैयार किया गया है और मामले में आगे की कार्रवाई जारी है। कार्रवाई के दौरान तहसीलदार शनि पैकरा, नोडल अधिकारी कृष्ण कुमार साहू, प्राधिकृत अधिकारी एस. कुमार चंद्रा और प्रबंधक खगेश जांगड़े सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे। कलेक्टर ने बरमकेला धान केंद्रों का औचक निरीक्षण किया इस बीच, कलेक्टर डॉ. संजय कन्नौजे ने ओडिशा सीमा से लगे बरमकेला विकासखंड के सरिया तहसील स्थित लुकापारा और सांकरा धान खरीदी केंद्रों का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने धान खरीदी व्यवस्था, टोकन स्थिति, गेट पास और तौल प्रक्रिया की जानकारी ली। केंद्र प्रभारी ने बताया कि कुल 48 किसानों का टोकन कटा है और गेट पास की प्रक्रिया 100 प्रतिशत पूरी हो चुकी है। पिछले वर्ष 1607 किसानों का पंजीकरण था, जबकि इस वर्ष 1640 किसान पंजीकृत हैं, जिससे 37 किसानों की वृद्धि हुई है।


