नागदा में भारत रत्न और पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की जयंती के अवसर पर ‘अटल मेले’ का शुभारंभ हुआ। कर्नाटक के राज्यपाल डॉ. थावरचंद गहलोत ने मुख्य अतिथि के रूप में दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम की शुरुआत की। नागदा नगरपालिका की ओर से शिक्षा के क्षेत्र में बेहतरीन प्रदर्शन करने वाले करीब 450 मेधावी छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया गया। छात्र-छात्राओं को उनकी मेहनत के लिए पुरस्कार और प्रमाण पत्र दिए गए, जिससे विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों के चेहरे पर खुशी और गौरव की झलक दिखाई दी। युवाओं के लिए राज्यपाल का संदेश मुख्य अतिथि डॉ. थावरचंद गहलोत ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए अटल जी के जीवन मूल्यों पर कहा कि वाजपेयी का जीवन राष्ट्रसेवा, सुशासन और शिक्षा के महत्व का सबसे बड़ा प्रेरणास्रोत है। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे अटल जी के सिद्धांतों को अपने जीवन में उतारें और देश के विकास में योगदान दें। मेले में बड़े-बड़े झूले लगाए गए यह सात दिवसीय मेला शहरवासियों के लिए मनोरंजन का बड़ा केंद्र बनकर उभरा है। मेले में बच्चों और युवाओं के लिए बड़े-बड़े झूले लगाए गए हैं। साथ ही, खान-पान के शौकीनों के लिए विभिन्न प्रकार के स्वादिष्ट व्यंजनों के स्टॉल भी सजाए गए हैं, जो स्थानीय लोगों के आकर्षण का मुख्य केंद्र बने हुए हैं। मेले के शुभारंभ अवसर पर भाजपा के वरिष्ठ पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि और पार्षद बड़ी संख्या में मौजूद रहे। सभी वक्ताओं ने अटल जी के विचारों को याद किया और उनके बताए हुए शांति और समरसता के मार्ग पर चलने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में नगर पालिका प्रशासन के अधिकारी भी मुस्तैद रहे।


