भास्कर न्यूज | नारायणपुर कुनकुरी वन परिक्षेत्र के नारायणपुर सर्किल अंतर्गत रानीकोम्बो क्षेत्र में झुंड से बिछड़े एक जंगली हाथी के उत्पात से किसान पिछले करीब 15 दिन से दहशत में हैं। हाथी लगातार खेतों में घुसकर अरहर, सब्जी और अन्य फसलों को नुकसान पहुंचा रहा है। इससे किसानों को आर्थिक क्षति के साथ-साथ जान का खतरा भी बना हुआ है। किसानों के अनुसार हाथी का स्थायी ठिकाना रानीकोम्बो के कुम्हारतला जंगल क्षेत्र में है। प्रतिदिन शाम ढलते ही हाथी जंगल से निकलकर आसपास के गांवों के खेतों की ओर पहुंच जाता है और रात के समय फसलों को रौंद देता है। लगातार हो रही इस गतिविधि से क्षेत्र के किसान परेशान हैं। बीती रात हाथी ने किसान गोविंद भगत, सुधीर भगत, सुनील भगत और दिनेश भगत के खेतों में लगी अरहर की पूरी फसल नष्ट कर दी। वहीं गजेंद्र नायक की बाड़ी में घुसकर आलू की फसल को भी बर्बाद कर दिया। ग्रामीणों के अनुसार हाथी कई बार खेतों में मौजूद लोगों पर आक्रामक भी हो चुका है, लगातार रातभर जागकर खेतों की रखवाली करने के कारण किसान शारीरिक और मानसिक रूप से बेहद थक चुके हैं। आरोप- सूचना देने के बाद भी नहीं पहुंचता वन अमला ग्रामीणों ने वन विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि हाथी की सूचना देने के बाद भी रात में न तो नियमित गश्त होती है और ना ही कोई निगरानी दल तैनात किया गया है। किसानों का कहना है कि विभाग की ओर से अब तक केवल आश्वासन ही मिले हैं, लेकिन समस्या के स्थायी समाधान के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। प्रभावित किसानों ने प्रशासन और वन विभाग से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है। उन्होंने हाथी को सुरक्षित रूप से उसके प्राकृतिक आवास में भेजने, नियमित रात्रि गश्त की व्यवस्था करने और फसल नुकसान के एवज में उचित मुआवजा देने की मांग की है।


