गुजरात में पटेल ट्रेवल्स के डूंगरपुर निवासी एक ड्राइवर की दिवाली पर हुई मारपीट के 2 महीने बाद मौत हो गई। ड्राइवर महेश रोत को वेतन न मिलने पर बस लेकर डूंगरपुर आने के दौरान गम्भोई में ऑफिस स्टाफ ने पीटा था।
इस घटना का एक वीडियो भी सामने आया है। पुलिस ने शव का पोस्टमॉर्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। चौरासी थाना क्षेत्र के झोथरी गांव निवासी नाथु रोत ने पुलिस को बताया कि उनका बेटा महेश रोत गुजरात में पटेल ट्रेवल्स में ड्राइवर था। वह बांसवाड़ा से अहमदाबाद वाया डूंगरपुर बस चलाता था। दिवाली से एक दिन पहले 19 अक्टूबर को महेश ने घर जाने से पहले अपने मालिक से वेतन मांगा था, लेकिन ऑफिस स्टाफ ने वेतन देने से इनकार कर दिया। वेतन न मिलने पर महेश बस लेकर डूंगरपुर के लिए रवाना हो गया। इस दौरान गुजरात के गम्भोई के पास ऑफिस स्टाफ के रवि पटेल, मनीष भाई और दिलावर एक इको कार से आए। उन्होंने महेश को वेतन देने के बहाने बस से उतारा और एक कमरे पर ले गए। वहां तीनों ने महेश के साथ बुरी तरह मारपीट की, जिससे वह अधमरा हो गया। महेश किसी तरह अस्पताल पहुंचा और भर्ती हुआ। 22 अक्टूबर को उसने गम्भोई थाने में आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज करवाया और अपने गांव लौट आया। शनिवार 13 दिसंबर की रात को महेश की तबीयत अचानक बिगड़ गई। परिजन उसे डूंगरपुर अस्पताल ले गए, जहां रात करीब 2 बजे उसकी मौत हो गई। सूचना मिलने पर पुलिस जिला अस्पताल पहुंची और शव को मॉर्च्युरी में रखवाया। पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों को सुपुर्द कर दिया गया। पुलिस अब मामले की गहनता से जांच कर रही है। महेश के साथ हुई मारपीट का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें कुछ लोग गाली-गलौज करते हुए उसके साथ मारपीट करते दिख रहे हैं।


