भास्कर न्यूज|चन्दवारा मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत 2 करोड़ की लागत से प्रखंड के उरवां पंचायत अंतर्गत कोटवाडीह से करौजीया पथ तक लगभग 3 किलोमीटर लंबी सड़क निर्माण कार्य में भारी अनियमितता का आरोप लगाते हुए ग्रामीणों ने काम बंद करा दिया। बाद में सूचना मिलते ही ग्रामीण कार्य विभाग के कनीय अभियंता रुपमणी निराला घटनास्थल पर पहुंचे और ग्रामीणों के साथ मिलकर सड़क निर्माण की स्थिति का जायजा लिया। जांच के दौरान ग्रामीणों ने पदाधिकारी को सड़क की गुणवत्ता दिखाई। सड़क को हाथ लगाते ही परत उखड़ने लगी, जिससे यह साफ हो गया कि निर्माण कार्य में घटिया सामग्री का इस्तेमाल किया गया है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि ठेकेदार रात में भी जल्दबाजी में सड़क निर्माण करा रहा है। अभी निर्माण कार्य पूरा भी नहीं हुआ है, लेकिन करोड़ों की लागत से बन रही यह सड़क जगह-जगह जर्जर हो चुकी है और पीसीसी की परत उखड़ने लगी है। ग्रामीणों का कहना है कि इस मार्ग से प्रतिदिन सैकड़ों वाहन गुजरते हैं और खराब सड़क के कारण आए दिन दुर्घटनाएं होती रहती हैं। उन्हें उम्मीद थी कि सड़क बनने से आवागमन में राहत मिलेगी, लेकिन निर्माण कार्य में घोर लापरवाही और घटिया सामग्री के उपयोग से सड़क कुछ ही दिनों में क्षतिग्रस्त हो गई। ग्रामीणों ने कहा कि वे इस मामले में उपायुक्त और मुख्यमंत्री को आवेदन देकर ठेकेदार और जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग करेंगे। ग्रामीणों ने बताया कि ढलाई हुए 2 से 3 माह भी नहीं हुए हैं और कई जगह सड़क उखड़ने लगी है। मौके पर मौजूद कन्हाई यादव, संतोष यादव, अनिल यादव, विमल यादव, किशोर यादव, राहुल पांडेय, सूर्यदेव यादव, ब्रह्मदेव यादव और शंकर यादव सहित अन्य ग्रामीणों ने निर्माण की शिकायत दर्ज कराई। ठेकेदार पर कार्रवाई होगी : जेई कनीय अभियंता रुपमणी निराला ने कहा कि ग्रामीणों की शिकायत पर जांच की गई है और बेहतर निर्माण कार्य सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है। उन्होंने आश्वस्त किया कि निगरानी में गुणवत्तापूर्ण कार्य होगा और यदि अनियमितता पाई गई तो ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।


