भास्कर संवाददाता | दौसा दौसा नगर परिषद के वार्ड-17 के उपचुनाव में कांग्रेस ने दीपक प्रजापत व भाजपा ने भूपेंद्र सैनी को फिर मैदान में उतारा है। दौसा विधानसभा उप चुनाव के मद्देनजर वार्ड-17 के उपचुनाव वोटिंग से एक दिन पूर्व 4 सितंबर को स्थगित कर दिए थे, तब भी कांग्रेस से दीपक और भाजपा से भूपेंद्र ने नामांकन दाखिल किए थे। नए सिरे से 26 दिसंबर को दोबारा लोक सूचना जारी की गई, जिसके तहत दोनों पार्टियों के प्रत्याशियों ने अंतिम तिथि सोमवार को नामांकन पत्र रिटर्निंग अधिकारी मूलचंद लूणियां को पेश किए। अब 31 दिसंबर को नामांकन पत्रों की जांच की जाएगी और 2 जनवरी को दोपहर 3 बजे तक नामांकन वापस लेने की तिथि है। मतदान 9 जनवरी को सुबह 8 से शाम 5 बजे तक होगी, जहां दो ही नामांकन दाखिल होने से भाजपा व कांग्रेस के बीच सीधी टक्कर होगी। उसके दूसरे दिन 10 जनवरी को सुबह 9 बजे से मतगणना शुरू होगी। भाजपा जिला मीडिया प्रभारी दीपक जोशी के अनुसार वार्ड-17 के उप चुनाव में पार्टी की ओर से भूपेंद्र सैनी (भूरिया) को प्रत्याशी बनाया है। सोमवार दोपहर 1:30 बजे भूपेंद्र सैनी ने नामांकन दाखिल किया। इस दौरान भूपेंद्र सैनी के साथ भाजपा प्रदेश मंत्री अजीत मंडल, शहर अध्यक्ष एडवोकेट राजेश शर्मा, पार्षद पूरण सैनी, आलोक जैन, राजेंद्र शर्मा, मुरारी धौंकरिया, महावीर डोई, पार्षद श्रीराम सोनी, अनिल सैनी, भूपेंद्र सिंह राजावत आदि भाजपा के पदाधिकारी व कार्यकर्ता थे। वहीं दीपक प्रजापत ने कांग्रेस से नामांकन दाखिल किया, जो दिवंगत पार्षद मोहन प्रजापत का बेटा है। दीपक प्रजापत के नामांकन दाखिल करने के दौरान दौसा प्रधान प्रहलाद मीणा, नगर अध्यक्ष घनश्याम शर्मा, मंडल अध्यक्ष शरद नागर, पार्षद मंजू सीताराम मीणा आदि मौजूद थे। गत चुनाव में भूपेंद्र को 42 मतों से हार झेलनी पड़ी थी भाजपा ने भूपेंद्र सैनी पर दूसरी बार दांव खेला है। दिसंबर 2020 में आयोजित चुनाव में भी भूपेंद्र सैनी को भाजपा ने मैदान में उतारा था। तब कांग्रेस के मोहन लाल प्रजापत से कड़ी टक्कर में भूपेंद्र सैनी को 42 मतों से हार झेलनी पड़ी थी। करीब सालभर पहले 12 जनवरी-24 को दिल का दौरा पड़ने से मोहन प्रजापत का निधन हो गया था, तब वे तीर्थ यात्रियों के दल के साथ गंगासागर धाम गए थे। अब वार्ड-17 के उपचुनाव में कांग्रेस ने दिवंगत पार्षद मोहन प्रजापत के बेटे दीपक प्रजापत को प्रत्याशी बनाया है।


