दौसा के पापड़दा क्षेत्र के कालीखाड़ गांव में पिछले दिनों बोरवेल में गिरे पांच साल के मासूम आर्यन की मौत के बाद प्रशासन द्वारा जिले में विशेष अभियान चलाकर खुले कुएं और बोरवेल को चिह्नित कर ढकने की कार्यवाही की जा रही है। कलेक्टर देवेंद्र कुमार के निर्देशन में प्रशासन के द्वारा विशेष अभियान चलाया जा रहा है। जिसके तहत अब तक 400 से ज्यादा सूखे कुएं और बोरवेल को ढंका जा चुका है। कलेक्टर देवेंद्र कुमार ने बताया कि स्थानीय इकाई ग्राम पंचायत और नगरपालिका सहित राजस्व विभाग और कृषि विभाग व सरपंच , वार्ड पंच सहित जनप्रतिनिधियों के सहयोग से जिले में खुले कुएं और बोरवेल को चिह्नित कर ढकने का कार्य युद्ध स्तर पर किया जा रहा है। उन्होंने आम जनता से इस कार्य में सहयोग की अपेक्षा करते की है, साथ ही कहा कि प्रशासन के द्वारा चलाए जा रहे अभियान में सहयोग नहीं करने वालों से सख्ती से निपटा जाएगा। कलेक्टर के निर्देश के बाद जिले में बोरवेल सेफ्टी अभियान रंग दिखाने लगा है। हालांकि इस अभियान में फिलहाल आमजन की भागीदारी कम दिखाई दे रही है, लेकिन प्रशासन ने इसे सफल बनाने के लिए पूरे प्रयास शुरू कर दिए है। पहल से अन्य जिलों में भी इस सुरक्षा अभियान को संचालित करने का संदेश जाने की संभावना है। वहीं सूखे कुएं और बोरवेल खुले मिलने पर प्रशासन की ओर से सख्ती करने की तैयारी है। कलेक्टर का साफ तौर पर कहना है कि समझाइश व प्रयास के बाद यदि कोई बोरवेल घर या खेत में खुला पाया जाता है तो ऐसे लोगों पर सख्त कार्रवाई भी की जाएगी।


