धौलपुर में सैंपऊ क्षेत्र में तसीमो माइनर टूटने से किसानों को भारी नुकसान हुआ है। माइनर टूटने के कारण लगभग 40 से 50 बीघा कृषि भूमि जलमग्न हो गई, जिससे खड़ी फसलें पूरी तरह खराब हो गईं। इस घटना से प्रभावित किसानों में गहरा आक्रोश है।
किसानों का आरोप है कि नहर और माइनर की समय पर सफाई नहीं की गई, जिसके कारण पानी का दबाव बढ़ा और माइनर टूट गया। किसान घूरे ने बताया कि नहर में लंबे समय से गाद जमी हुई थी। किसानों के अनुसार, इस समस्या को लेकर नहर अध्यक्ष योगेश तिवारी और सिंचाई विभाग के अधिकारियों को कई बार शिकायतें दी गई थीं, लेकिन उन पर कोई ध्यान नहीं दिया गया।
माइनर टूटने के बाद पानी तेजी से खेतों में फैल गया, जिससे सरसों, गेहूं और अन्य फसलें नष्ट हो गईं। किसानों का कहना है कि यदि समय रहते नहर की सफाई हो जाती, तो यह हादसा टाला जा सकता था। इस संबंध में नहर अध्यक्ष योगेश तिवारी (सैंपऊ) ने बताया कि माइनर टूटने की सूचना मिलते ही उन्होंने सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता राजकुमार मित्तल को सूचित किया। इसके बाद तुरंत माइनर का पानी बंद कराया गया। उन्होंने आश्वासन दिया कि माइनर की मरम्मत जल्द कराई जाएगी। किसानों ने दोषी अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए नहरों की नियमित सफाई सुनिश्चित करने की मांग की है। साथ ही, उन्होंने खराब हुई फसलों के लिए मुआवजे की भी मांग की है।


