बूंदी जिले में नगर निकाय वार्डों, ग्राम पंचायत और पंचायत समितियों के पुनर्गठन की तैयारियां शुरू हो गई हैं। जिला कलेक्टर अक्षय गोदारा ने बुधवार को इस संबंध में एक महत्वपूर्ण बैठक की अध्यक्षता की। कलेक्टर ने उपखंड अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे पुनर्गठन प्रस्तावों को नक्शे के साथ भेजें। प्रस्तावों में जनसंख्या और वार्डों में आरक्षण का विशेष ध्यान रखा जाए। ग्राम पंचायतों के पुनर्गठन की मांगों की जांच उपखंड अधिकारी करेंगे। सभी प्रस्ताव 2011 की जनगणना के आधार पर तैयार किए जाएंगे। बैठक में कलेक्टर ने कई अन्य महत्वपूर्ण मुद्दों पर भी चर्चा की। उन्होंने पेट्रोल पंप एनओसी और भूमि रूपांतरण के लंबित मामलों को प्राथमिकता से निपटाने के निर्देश दिए। फार्मर रजिस्ट्री शिविरों में पंजीकरण बढ़ाने पर जोर दिया गया। प्रधानमंत्री आवास योजना के सर्वे लक्ष्यों को पूरा करने के लिए विशेष प्रयास करने को कहा गया। विधायक और सांसद कोष से चल रहे कार्यों को गुणवत्ता के साथ जल्द पूरा करने के निर्देश दिए गए। गर्मी के मौसम को देखते हुए पेयजल आपूर्ति से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता से पूरा करने का निर्देश दिया गया। इससे आम लोगों को पानी की समस्या का सामना न करना पड़े। बैठक में अतिरिक्त जिला कलेक्टर सुदर्शन सिंह तोमर, मुख्य कार्यकारी अधिकारी रवि वर्मा, उपखंड अधिकारी बूंदी एचडी सिंह, हिण्डोली उपखंड अधिकारी शिवराज मीणा, तालेडा उपखंड अधिकारी लक्ष्मीकांत मीणा, लाखेरी उपखंड अधिकारी भावना सिंह, नैनवां उपखंड अधिकारी प्रीति मीणा, नगर परिषद आयुक्त संतलाल मक्कड सहित सभी नगरपालिकाओं के अधिशाषी अधिकारी मौजूद रहे


