भरतपुर से कांग्रेस सांसद संजना जाटव शनिवार को युवा नेता नरेश मीणा से जयपुर के सवाई मानसिंह (SMS) अस्पताल में मिली। इसके बाद राजनीतिक गलियारों में चर्चा शुरू हो गई।
नरेश मीणा ने विधानसभा उपचुनाव में कांग्रेस से बागी होकर निर्दलीय चुनाव लड़ा था। इधर सांसद संजना जाटव ने नरेश मीणा से मुलाकात के कुछ फोटो भी सोशल मीडिया पर शेयर किये। इस मुलाकात पर पूर्व राजपरिवार के सदस्य अनिरुद्ध सिंह ने भी पोस्ट करते हुए लिखा- This lady must put her two bits in every matter. Anything for a photograph (इस महिला को हर मामले में अपनी राय रखनी होती है। फोटोग्राफ के लिए कुछ भी)। पार्टी से ऊपर उठकर इंसानियत और मानवता
जब इस बारे में सांसद संजना जाटव से बात की गई तो उन्होंने कहा- पार्टी अपनी जगह और इंसानियत और मानवता अपनी जगह होती है। पार्टी से ऊपर उठकर इंसानियत और मानवता के नाते मिलने जाना भी चाहिए। इस मामले पर इससे ज्यादा मैं कुछ नहीं कहूंगी। जिला अध्यक्ष बोले- मेरी संज्ञान में है मामला
इस मामले पर जब कांग्रेस के जिला अध्यक्ष दिनेश सूपा से बात की तो उन्होंने कहा— यह मामला सभी के संज्ञान में है। मेरी संजना जाटव से इस मामले में बात भी हुई है। वह किस वजह से नरेश मीणा से मिलने गई इस बारे कोई जानकारी नहीं है। इस बारे में और डिटेल्स में संजना जी से बात करूंगा। शनिवार रात को मैंने उनका पोस्ट देखा था। नरेश मीणा ने बागी होकर निर्दलीय लड़ा था चुनाव
साल 2024 में देवली-उनियारा विधानसभा सीट पर हुए विधानसभा उपचुनाव में नरेश मीणा ने कांग्रेस से टिकट मांगी थी, लेकिन कांग्रेस ने कस्तूरचंद को अपना टिकट दिया। जिसके बाद नरेश मीणा ने निर्दलीय चुनाव लड़ा।
यहा चुनाव में बीजेपी के राजेंद्र गुर्जर ने 41 हजार 121 मत से जीत दर्ज की। दूसरे स्थान पर निर्दलीय नरेश मीणा रहे। उन्होंने करीब 60 हजार वोट मिले। कांग्रेस यहां तीसरे स्थान पर रही। आलम यह रहा कि कांग्रेस प्रत्याशी कस्तूरचंद मीणा की जमानत जब्त हो गई थी। पढ़ें पूरी खबर… नरेश मीणा से जुड़ी यह खबरें भी पढ़े…


