छिंदवाड़ा में सीनियर पर रैगिंग का आरोप लगाकर जवाहर नवोदय स्कूल के दो छात्र भाग गए। उन्हें 27 घंटे बाद ढूंढ लिया गया है। कक्षा 10 वीं के छात्रों का बॉयस हॉस्टल के पास की बाउंड्री से कूदकर जाने का वीडियो भी सामने आया है। बच्चे अपने पीछे लेटर छोड़कर गए थे। एक ने लिखा है कि ढूंढने की कोशिश न की जाए, वह मरने नहीं जा रहे। गुस्सा शांत होने पर खुद ही घर लौट जाएंगे। गुरुवार को लापता छात्रों के अभिभावक भी स्कूल परिसर पहुंचे। उन्होंने स्कूल प्रशासन पर आरोप लगाते हुए कहा बच्चों को लगातार रैगिंग का सामना करना पड़ रहा था। उन्होंने परेशान होकर यह कदम उठाया। SIT गठित, सीमावर्ती थाने अलर्ट
इधर, अमरवाड़ा एसडीएम हेमकरण धुर्वे और सिंगोड़ी चौकी पुलिस मौके पर पहुंची। जांच में सामने आया कि दोनों छात्र स्कूल की दीवार कूदकर बाहर निकले थे, लेकिन काफी देर तक स्कूल प्रशासन को इसकी जानकारी नहीं हुई, जिससे लापरवाही के आरोप लगे। मामले की गंभीरता को देखते हुए छिंदवाड़ा एसपी अजय पांडे के निर्देश पर एसडीओपी अमरवाड़ा और थाना प्रभारी अमरवाड़ा के नेतृत्व में विशेष जांच टीम (SIT) का गठन की थी। साथ ही सीमा क्षेत्र के सभी थानों को सूचना देकर तलाश कराई थी। पत्र में लिखा ढूंढना मत, खुद घर आऊंगा
छात्र नोट छोड़कर गए हैं, जिसमें उन्होंने लिखा है कि कई दिनों से उनके सदन के वरिष्ठ छात्रों द्वारा प्रताड़ित किया जा रहा है। एक सीनियर का नाम लिखते हुए अन्य पर भी रैगिंग के आरोप लगाए हैं। जिससे मानसिक तनाव बहुत बढ़ गया था। रविवार को धमकाए जाने व 1 हजार रुपए देने की बात कही गई। जिसके बदले अपना नाम बताकर पीएटी टीचर से छात्र का फोन मांगने कहा था। एक छात्र ने यह भी लिखा है कि मुझे ढूंढने की कोशिश मत करना तो बेहतर होगा, क्योंकि मैं नहीं मिलूंगा। मैं भाग रहा हूं, मर नहीं रहा। इसमें किसी भी शिक्षक का कोई दोष नहीं है। गुस्सा शांत होने पर खुद घर चला आउंगा। बच्चों के मिलने से पहले एसपी आशीष खरे ने जल्द से जल्द छात्रों को ढूंढने की बात कही थी।


