छत्तीसगढ़ के बलरामपुर जिले में शराब के नशे में चड्डा पहनकर स्कूल पहुंचने वाले हेडमास्टर को जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) ने सस्पेंड कर दिया है। वीडियो वायरल होने के बाद BEO ने कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए जांच प्रतिवेदन DEO और कलेक्टर को भेजा था। नोटिस का जवाब नहीं मिलने पर सोमवार (11 अगस्त) को सस्पेंशन ऑर्डर जारी किया गया। मामला बलरामपुर जिले के वाड्रफनगर ब्लॉक का है। जहां 8 अगस्त को हेडमास्टर मनमोहन सिंह चड्डा पहने-पहने स्कूल पहुंचे और उसी हालत में बच्चों को पढ़ाने लगे। यहां तक कि पूछने पर हेडमास्टर ने नशे में कहा कि ‘डॉक्टर ने रोज 100-200 ग्राम लेने को कहा है।’ 40 से ज्यादा बच्चे, 2 शिक्षक पदस्थ रूपपुर प्राइमरी स्कूल में बच्चों की संख्या 40 से ज्यादा है। यहां हेडमास्टर के अलावे एक अन्य शिक्षक पदस्थ हैं। ग्रामीणों ने बताया कि हेडमास्टर अकसर शराब पीकर आते हैं। इससे बच्चों की पढ़ाई प्रभावित होती है। इससे परेशान ग्रामीणों ने पहले कई बार शिकायत की, लेकिन हेडमास्टर पर कार्रवाई नहीं हो सकी है। 2 बार नोटिस मिलने के बाद भी नहीं सुधरा स्कूल में शराब पीकर आने के कारण हेडमास्टर को पहले भी 2 बार नोटिस जारी किया गया था। फिर भी वह नहीं सुधरा। इस बार बलरामपुर DEO डीएन मिश्रा ने हेडमास्टर को सस्पेंड कर दिया है। छत्तीसगढ़ में लगातार इस तरह के मामले सामने आ रहे हैं। शराबी टीचर बिना किसी डर के नशे में स्कूल पहुंच रहे हैं और अजीबो-गरीब हरकत कर रहे हैं। इनमें कुछ टीचरों को सस्पेंड होने भी डर नहीं रहा। वे खुलेआम सस्पेंड करा दो कहते नजर आए। 1 महीने के अंदर नशे में स्कूल पहुंचने वाले टीचर के किस्से पढ़िए… 1. कोल्डड्रिंक की बॉटल में शराब भरकर स्कूल पहुंचा हेडमास्टर छत्तीसगढ़ के बालोद जिले में एक हेडमास्टर सरकारी स्कूल में नशे की हालत में पहुंचा। उसने कोल्डड्रिंक की बोतल में शराब भर रखी थी। क्लास में ही हेडमास्टर पैग बनाकर पीने बैठ गया। इसी दौरान भाजपा नेता और कार्यकर्ता वहां पहुंच गए। उन्होंने शिक्षक को रंगे हाथ पकड़ लिया। इसका वीडियो भी सामने आया है। पढ़ें पूरी खबर… 2. बलरामपुर में टीचर शराब पीकर भागा, क्लास रूम में स्वीपर बैठा था बलरामपुर के दूरस्थ क्षेत्र बंदरचुआं का हेडमास्टर शराब पीकर स्कूल पहुंचा। 3 जुलाई को जब कुछ युवक बंदरचुआं के स्कूल पहुंचे तो हेडमास्टर की कुर्सी पर स्कूल का स्वीपर सोता रहा था और हेडमास्टर पंचू राम शराब के नशे में थे, बच्चे खुद से पढ़ाई कर रहे थे। इसका वीडियो भी सामने आया है। पढ़ें पूरी खबर… 3. नशे में टल्ली टीचर का छात्राओं संग डांस छत्तीसगढ़ के बलरामपुर जिले में प्राइमरी स्कूल के टीचर का नशे में धुत होकर बच्चों के साथ डांस करने का वीडियो वायरल हो रहा है। टीचर मोबाइल में गाना बजाकर छात्राओं के साथ डांस करते हुए दिखाई दे रहा है। मामला वाड्रफनगर ब्लॉक के पशुपतिपुर प्राइमरी स्कूल का है। पढ़ें पूरी खबर… 4. नशे में टल्ली टीचर बोला- मुझे सस्पेंड कर दो छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में एक टीचर शराब के नशे में धुत होकर स्कूल पहुंचा और खुलेआम खुद को सस्पेंड करने की मांग करने लगा। वायरल वीडियो में वह कहता नजर आ रहा है- “मुझे सस्पेंड कर दो, मैं सस्पेंड होना चाहता हूं। आधा वेतन मिलेगा तो घर में बैठकर ही नौकरी करूंगा।” मौके पर मौजूद लोगों ने टीचर का वीडियो बना लिया, जो अब वायरल हो रहा है। पढ़ें पूरी खबर… 5. धमतरी में शराब के नशे में स्कूल पहुंचा शिक्षक बोला- ‘कल मस्त स्कूल खुलेगा’ छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में एक शिक्षक शराब के नशे में धुत होकर स्कूल पहुंच गया। नशे की हालत में स्कूल पहुंचे शिक्षक का वीडियो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वीडियो में शिक्षक स्कूल परिसर में सोते और बड़बड़ाते हुए नजर आ रहा है। यह घटना स्कूल सत्र शुरू होने से एक दिन पहले की है। पढ़ें पूरी खबर… गिने-चुने मामलों में ही कार्रवाई छत्तीसगढ़ में हर साल शिक्षकों पर नशे में स्कूल आने के कई आरोप लगते हैं। लेकिन इनमें से गिने-चुने मामलों में ही कार्रवाई होती है और बहुत कम मामलों में किसी स्थायी समाधान की पहल की जाती है। वहीं इस संबंध में शिक्षाविद् जवाहर सूरी शेट्टी कहते हैं- ‘यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है कि जिन शिक्षकों को बच्चों को ज्ञान देना चाहिए, वही अगर शराब पीकर स्कूल आएंगे तो बच्चे उनसे क्या सीखेंगे? यह सिर्फ अनुशासनहीनता नहीं, बल्कि बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ है। ऐसे मामलों में पहली बार गलती करने वाले शिक्षकों की काउंसलिंग जरूरी है, ताकि उन्हें सुधार का मौका मिल सके।’ …………………………. इससे जुड़ी खबर भी पढ़ें… स्कूल खुलते ही शराबी शिक्षक पहुंचे क्लास: 25 दिन में 7 केस, सस्पेंशन के बाद फिर पीते पकड़े गए; नशे में बच्चियों संग डांस किया “हमारे स्कूल में टीचर रोज शराब पीकर आते हैं…गालियां देते हैं, मारते-पीटते हैं, चिल्लाते हैं…कई बार तो क्लास में ही सो जाते हैं। पापा कहते हैं कि पढ़ो…लेकिन हम कैसे पढ़ें?” ये शब्द हैं बलरामपुर जिले के पशुपति प्राइमरी स्कूल में तीसरी कक्षा में पढ़ने वाली एक बच्ची के, जिसने कैमरे की ओर देखा, कुछ पल रुका और फिर नजरें चुराकर खामोशी से एक कोने में खड़ी हो गई। पढ़ें पूरी खबर…


