सिरोही के शिवगंज में नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती मनाई गई। नगर एवं ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के संयुक्त देखरेख में 23 जनवरी को सुभाष सर्किल स्थित उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की गई। यह कार्यक्रम पूर्व विधायक एवं मुख्यमंत्री सलाहकार संयम लोढ़ा के सानिध्य में संपन्न हुआ। इस अवसर पर नगर कांग्रेस, ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के पदाधिकारी, अग्रिम संगठनों के प्रतिनिधि, यूथ कांग्रेस, एनएसयूआई और बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे। नगर कांग्रेस अध्यक्ष डॉ. हनवंत सिंह मेड़तिया ने कार्यक्रम की शुरुआत करते हुए बताया कि सुभाष चंद्र बोस भारत के स्वतंत्रता संग्राम के प्रमुख नेता थे। उन्होंने द्वितीय विश्वयुद्ध के दौरान अंग्रेजों के खिलाफ लड़ने के लिए जापान के सहयोग से आजाद हिंद फौज का गठन किया था। श्रद्धांजलि कार्यक्रम को संबोधित करते हुए संयम लोढ़ा ने कहा कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस केवल एक व्यक्ति नहीं, बल्कि एक विचारधारा थे। उनका नारा ‘तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हें आजादी दूंगा’ आज भी युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत है। लोढ़ा ने बताया कि नेताजी ने आजादी की लड़ाई को वैश्विक मंच पर मजबूती से रखा और आजाद हिंद फौज के माध्यम से देशभक्ति की नई परिभाषा गढ़ी। उन्होंने आईसीएस जैसी प्रतिष्ठित सेवा को त्याग कर राष्ट्रसेवा का मार्ग चुना, जिसका पूरा जीवन त्याग, अनुशासन और राष्ट्र के प्रति समर्पण का अनुपम उदाहरण है। शिवगंज नगरपालिका के पूर्व अध्यक्ष वजिंग राम घांची ने बताया कि नेताजी के सम्मान में यह दिन पराक्रम दिवस के रूप में मनाया जाता है। यह उनके निर्भीक नेतृत्व, अनुशासन और स्वतंत्रता संग्राम में अतुलनीय योगदान को स्मरण करता है।


