नैनो उर्वरक उपयोग बढ़ाने पर दिया जोर:इफको ने बूंदी में जिला सहकार गोष्ठी की आयोजित, सुधीर मान रहे मुख्य अतिथि

बूंदी में इफको ने नैनो उर्वरक उपयोग महाअभियान के तहत जिला सहकार गोष्ठी का आयोजन किया। आत्मा सभागार में हुई इस गोष्ठी का मुख्य उद्देश्य दानेदार यूरिया और डीएपी के स्थान पर नैनो यूरिया एवं नैनो डीएपी के प्रयोग को बढ़ावा देना था। इफको जयपुर के राज्य विपणन प्रबंधक सुधीर मान कार्यक्रम के मुख्य मेहमान रहे। सुधीर मान ने राज्य में इफको यूरिया और डीएपी की आपूर्ति पर विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने नैनो उर्वरकों के प्रयोग से होने वाले लाभों पर जोर दिया, जिनमें फसलों की संतुलित वृद्धि, बीमारियों और कीटों का कम प्रकोप, दवाओं का कम उपयोग, लागत में कमी तथा मिट्टी व पानी की गुणवत्ता में सुधार शामिल हैं। उन्होंने नैनो उर्वरकों की खरीद पर प्रति बोतल 10 हजार रुपए की दुर्घटना बीमा योजना (अधिकतम 2,00,000 रुपए) की भी जानकारी दी। कृषि विज्ञान केंद्र, बूंदी के प्रभारी डॉ. हरीश वर्मा ने समिति व्यवस्थापकों को जैविक और प्राकृतिक खेती के बारे में बताया। उन्होंने केंद्र में विभिन्न फसलों पर नैनो उर्वरकों के उपयोग से होने वाले लाभों को अत्यंत उपयोगी बताया। नाबार्ड, बूंदी के जिला विकास प्रबंधक राजकुमार मीणा ने नाबार्ड की विभिन्न योजनाओं और सहकारी समितियों के व्यवसाय में वृद्धि के अनुभवों को साझा किया। इफको बूंदी के मुख्य क्षेत्रीय प्रबंधक बृजराज मीणा ने खाद के आवंटन, पीओएस मशीन बिक्री, भुगतान और इफको के नए उत्पादों के प्रयोग के बारे में जानकारी दी। इफको-एमसी से जगदीश नागर ने इफको-एमसी के विभिन्न उत्पादों और रबी कीट प्रबंधन विधियों पर प्रकाश डाला। इस कार्यक्रम में डॉ. हरीश वर्मा, राजकुमार मीणा, सुरेश कुमार मीणा (कृषि अधिकारी आत्मा-बूंदी), जगदीश नागर सहित बूंदी जिले की ग्राम सेवा सहकारी समितियों के 65 व्यवस्थापकों ने भाग लिया। इफको के अनिल कुमार (एमडीए), ऋषिकेश सिंह (एसए) और प्रेमशंकर कुमावत (एसएफए इफको-एमसी) भी उपस्थित रहे।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *