बीकानेर में एकमात्र पोक्सो कोर्ट होने से हर साल पेंडिंग मामलों की संख्या बढ़ती जा रही है, जिससे आमजन को न्याय मिलने में देरी हो रही है। पोक्सो कोर्ट में 6 साल पहले 186 मामले लंबित थे, जिनकी संख्या हर साल बढ़ती गई और वर्ष, 24 में 286 पहुंच गई। अब राज्य सरकार ने अपने बजट में एक और नई पोक्सो कोर्ट खोलने की घोषणा की है, जिससे ट्रायल और फैसले जल्दी होंगे। बीकानेर जिले में केवल एक ही पोक्सो कोर्ट है। जिले भर के पोक्सो के मामले इसी कोर्ट में आते हैं। गंभीर प्रकृति के मामले होने के कारण इनके ट्रायल में भी समय लगता है। ऐसे में हर साल पेंडिंग मामलों की संख्या बढ़ती जा रही है, जिसे देखते हुए एक और पोक्सो कोर्ट की आवश्यकता जताई जा रही थी। नाबालिगों से यौन अपराध की सुनवाई के लिए वर्ष, 18 में बीकानेर में पोक्सो कोर्ट शुरू किया गया। लगातार बढ़ते अपराधों से पोक्सो कोर्ट में भी मामलों की संख्या बढ़ती गई। कोर्ट खुलने के एक साल बाद वर्ष, 19 की शुरुआत में 186 मामले पेंडिंग थे। इनकी संख्या हर साल बढ़ती गई और पिछले साल के अंत में 286 पहुंच गई। लगातार बढ़ते मामलों से ट्रायल और फैसलों में समय लग रहा है। वर्तमान में पोक्सो कोर्ट में 303 मामले पेंडिंग चल रहे हैं। अब राज्य सरकार ने अपने बजट में बीकानेर में नई पोक्सो कोर्ट खोलने की घोषणा की है। एक और नई पोक्सो कोर्ट खुलने से ट्रायल जल्दी होगी और सुनवाई पूरी कर फैसले भी जल्दी किए जा सकेंगे। बीकानेर में दूसरे पोक्सो कोर्ट की सख्त आवश्यकता : शर्मा बार काउंसिल ऑफ राजस्थान के सदस्य कुलदीप शर्मा का कहना है कि बीकानेर शहर में 10 और ग्रामीण इलाकों में 15 लाख जनसंख्या हो गई है। ऐसे में एकमात्र पोक्सो कोर्ट में करीब 300 मामलों के ट्रायल से न्याय में देरी होना स्वाभाविक है। ऐसे में एक और नई पोक्सो कोर्ट की सख्त आवश्यकता थी। 5 साल पहले खुलनी चाहिए थी दूसरी पोक्सो कोर्ट : बिस्सा न्यायिक कर्मचारी संघ के अध्यक्ष गिरिराज बिस्सा का कहना है कि अक्टूबर, 18 में बीकानेर में पोक्सो कोर्ट शुरू हुआ था। पहले साल 194 मामलों में से 8 का निपटारा हुआ। एक कोर्ट में 200 से ज्यादा मामले पेंडिंग हो तो दूसरे कोर्ट शुरू किया जा सकता है। ऐसे में पांच साल पहले ही बीकानेर में दूसरी पोक्सो कोर्ट खोल देनी चाहिए थी। प्रदेश में वर्ष, 18 में खुले 35 पोक्सो कोर्ट वर्ष, 18 में सुनवाई की तेजी लाने और सुप्रीम कोर्ट की ओर से तय समयावधि में फैसलों के लिए प्रदेश में 35 पोक्सो कोर्ट खोले गए। सभी जिलों में एक-एक और जयपुर-जोधपुर में दो-दो कोर्ट खोले गए। लेकिन बीकानेर में एक ही कोर्ट रहा।


